
दुर्ग : इंदिरा मार्केट में ब्रांडेड घड़ियों के नाम पर कथित तौर पर नकली सामान बेचने का मामला सामने आया है। दुर्ग कोतवाली पुलिस ने Titan और Fastrack ब्रांड के नाम और ट्रेडमार्क के कथित दुरुपयोग की शिकायत पर कार्रवाई करते हुए सत कबीर वाच के संचालक कमलेश निर्मलकर को गिरफ्तार किया है। तलाशी के दौरान दुकान से बड़ी संख्या में नकली घड़ियां और फर्जी टैग बरामद किए गए।
कंपनी के अधिकृत प्रतिनिधि की शिकायत से खुला मामला
मामले की शुरुआत Titan कंपनी की ओर से अधिकृत गौरव तिवारी की शिकायत से हुई। उन्होंने दुर्ग कोतवाली पुलिस को जानकारी दी कि इंदिरा मार्केट स्थित सत कबीर वाच में Titan और Fastrack के नाम पर कथित तौर पर नकली घड़ियां बेची जा रही हैं।शिकायत में आरोप लगाया गया कि दुकान संचालक लंबे समय से दोनों नामी ब्रांड के नाम और ट्रेडमार्क का दुरुपयोग कर ग्राहकों को नकली उत्पाद बेच रहा था। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने दुकान में तलाशी अभियान चलाया।
280 नकली घड़ियां और 275 फर्जी टैग जब्त
पुलिस की कार्रवाई के दौरान दुकान से Titan और Fastrack ब्रांड के नाम वाली कुल 280 कथित नकली घड़ियां बरामद की गईं। इसके अलावा Fastrack के 275 फर्जी टैग और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया गया।पुलिस के अनुसार, आरोपी इन घड़ियों को असली ब्रांडेड उत्पाद बताकर ग्राहकों को बेचने और इससे अवैध लाभ कमाने का प्रयास कर रहा था।
कॉपीराइट एक्ट और बीएनएस के तहत दर्ज हुआ केस
एएसपी मणिशंकर चंद्रा ने बताया कि आरोपी कमलेश निर्मलकर के खिलाफ कॉपीराइट अधिनियम 1957 की धारा 63 और बीएनएस की धारा 318(4) के तहत अपराध दर्ज किया गया है।पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
ब्रांडेड सामान खरीदते समय सतर्क रहने की अपील
पुलिस ने आम लोगों और व्यापारियों से अपील की है कि किसी भी ब्रांडेड उत्पाद को खरीदने से पहले उसकी प्रामाणिकता की जांच जरूर करें। साथ ही नकली सामान की बिक्री या ब्रांड के नाम के दुरुपयोग की जानकारी मिलने पर तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील की गई है।



















