

मध्य प्रदेश : सरकार ने शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने, औद्योगिक निवेश बढ़ाने और सरकारी सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने के लिए कई अहम निर्णय लिए हैं। कैबिनेट बैठक के बाद हुई ब्रीफिंग में नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और मंत्री राकेश सिंह ने इन फैसलों की जानकारी दी।सरकार के इन निर्णयों का असर स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता, रोजगार के अवसर और प्रदेश के औद्योगिक विकास पर पड़ने की उम्मीद जताई जा रही है।
बेहतर रिजल्ट देने वाले प्राचार्यों को मिलेगा सम्मान
सरकारी स्कूलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने नई प्रोत्साहन योजना को मंजूरी दी है। इसके तहत ऐसे शासकीय स्कूलों के प्राचार्यों को सम्मानित किया जाएगा, जो लगातार तीन वर्षों तक बोर्ड परीक्षाओं में 100 प्रतिशत परिणाम देने में सफल रहेंगे।ऐसे प्राचार्यों को एक लाख रुपये की सम्मान राशि दी जाएगी। इसके साथ ही संबंधित स्कूलों में जरूरी विकास कार्यों के लिए पांच लाख रुपये तक की अतिरिक्त राशि उपलब्ध कराई जाएगी।सरकार का मानना है कि इस पहल से स्कूलों में बेहतर परिणाम देने की प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और शिक्षक व प्राचार्य विद्यार्थियों के प्रदर्शन को सुधारने के लिए और अधिक प्रयास करेंगे।
ग्वालियर में बनेगा देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन
औद्योगिक क्षेत्र में सरकार ने ग्वालियर के लिए बड़ी योजना को मंजूरी दी है। यहां देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन विकसित किया जाएगा।करीब 350 एकड़ क्षेत्र में बनने वाला यह प्लग एंड प्ले इंडस्ट्रियल क्लस्टर मोबाइल उपकरण, नेटवर्क सिस्टम, ऑप्टिकल फाइबर, सेमीकंडक्टर और 5जी व 6जी तकनीक से जुड़े निर्माण और शोध का केंद्र बनेगा।परियोजना के पहले चरण के लिए केंद्र सरकार ने 493 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी है। वहीं राज्य सरकार करीब 170 एकड़ जमीन निशुल्क उपलब्ध करा रही है, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 596 करोड़ रुपये बताई गई है।सरकार के अनुसार इस परियोजना से आने वाले समय में 12 से 15 हजार करोड़ रुपये तक का निवेश आने और करीब 5 हजार लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है।
जन संवाद के जरिए योजनाओं की होगी जमीनी समीक्षा
सरकार ने 7 अगस्त से मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान शुरू करने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव छिंदवाड़ा से इस अभियान की शुरुआत करेंगे।इस अभियान के दौरान प्रदेश के मंत्री अपने-अपने प्रभार वाले जिलों में जनसंवाद, उद्योग संवाद और सुशासन से जुड़े कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे।इसके साथ ही सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन और आम लोगों तक सेवाओं की पहुंच की वास्तविक स्थिति की समीक्षा भी की जाएगी।
स्कूलों में शुरू होगी AI आधारित पढ़ाई
शिक्षा के क्षेत्र में सरकार ने तकनीक के इस्तेमाल को बढ़ाने की योजना बनाई है। मिशन बुनियाद के तहत अब सरकारी स्कूलों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित शिक्षा शुरू की जाएगी।पहले चरण में प्रदेश के 8 जिलों के 500 शासकीय स्कूलों में कक्षा 8वीं से 11वीं तक के विद्यार्थियों को AI आधारित शिक्षा दी जाएगी।सरकार का उद्देश्य विद्यार्थियों को भविष्य की तकनीक से जोड़ना और उन्हें आधुनिक कौशल के लिए तैयार करना है।
60 नए सांदीपनि स्कूलों पर खर्च होंगे 2500 करोड़ रुपये
शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए प्रदेश में 60 नए सांदीपनि स्कूलों के निर्माण की योजना बनाई गई है। इन स्कूलों के लिए करीब 2500 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है।इसके अलावा स्कूल शिक्षा विभाग में 10 हजार शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
सरकार का दावा, शिक्षा और रोजगार दोनों क्षेत्रों में मिलेगा फायदा
मध्य प्रदेश सरकार का कहना है कि इन फैसलों से स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता बेहतर होगी, आधुनिक उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा और युवाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खुलेंगे। शिक्षा, तकनीक और निवेश को जोड़कर प्रदेश के विकास को गति देने की तैयारी की जा रही है।










