

मध्य प्रदेश: मानसून की दस्तक से पहले मौसम को लेकर नई तस्वीर सामने आई है। मौसम विभाग के ताजा आकलन के अनुसार इस साल प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में सामान्य से कम बारिश होने की संभावना है। हालांकि दूसरी ओर प्री-मानसून गतिविधियां लगातार सक्रिय हैं और जून के शुरुआती दिनों में कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है।
भोपाल-इंदौर समेत 47 जिलों में कम बारिश की आशंका
मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक भोपाल, इंदौर, जबलपुर सहित प्रदेश के 47 जिलों में इस बार सामान्य से कम वर्षा हो सकती है। विभाग का आकलन है कि इन जिलों में औसत बारिश सामान्य स्तर के लगभग 90 से 95 प्रतिशत तक ही सीमित रह सकती है। इससे किसानों और जल संसाधनों को लेकर चिंताएं बढ़ सकती हैं।
मानसून की एंट्री बाकी, लेकिन मौसम हुआ मेहरबान
हालांकि प्रदेश में मानसून की आधिकारिक एंट्री अभी नहीं हुई है, लेकिन प्री-मानसून सिस्टम सक्रिय बने हुए हैं। इसके कारण कई क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बारिश हो रही है और लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिल रही है।
सिर्फ 9 दिनों में बदला मौसम का मिजाज
1 जून से 9 जून के बीच मध्य प्रदेश में औसतन आधा इंच से अधिक वर्षा रिकॉर्ड की गई है। मौसम विभाग के आंकड़े बताते हैं कि कई जिलों में सामान्य से कहीं अधिक बारिश दर्ज हुई है, जिसने शुरुआती मौसम के अनुमान को दिलचस्प बना दिया है।
14 जिलों में सामान्य से कई गुना ज्यादा बरसात
प्रदेश के 14 जिलों में बारिश का आंकड़ा सामान्य स्तर से काफी ऊपर पहुंच गया है। निवाड़ी, भोपाल, आगर मालवा, मंदसौर, नीमच, श्योपुर, अलीराजपुर, अशोकनगर, देवास, हरदा, मुरैना, राजगढ़, सीहोर और शाजापुर ऐसे जिले हैं जहां वर्षा सामान्य से 100 प्रतिशत से लेकर 672 प्रतिशत तक अधिक दर्ज की गई है।
किसानों की नजर अब मानसून की चाल पर
प्री-मानसून बारिश ने किसानों को राहत जरूर दी है, लेकिन खरीफ सीजन की तैयारियों के लिए अब सभी की नजर मानसून की प्रगति पर टिकी हुई है। यदि मानसून कमजोर रहता है तो कृषि क्षेत्र पर इसका असर पड़ सकता है, जबकि समय पर और पर्याप्त बारिश किसानों के लिए फायदेमंद साबित होगी।
आने वाले दिनों में कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि अगले कुछ दिनों तक प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश और बादलों की गतिविधियां बनी रह सकती हैं। वहीं मानसून की आगे की स्थिति और उसकी गति पर लगातार नजर रखी जा रही है। यदि अनुकूल परिस्थितियां बनी रहीं तो जल्द ही मध्य प्रदेश में मानसून की औपचारिक एंट्री भी हो सकती है।





















