
मध्य प्रदेश में अब मौसम का रुख बदलने लगा है। प्रदेश के कई शहरों में रात के समय ठंड का असर तेज हो रहा है, जबकि सुबह के वक्त धुंध भी देखने को मिल रही है। राजधानी भोपाल और इंदौर में भी न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। बीती रात प्रदेश के 14 शहरों में पारा 14 डिग्री सेल्सियस से नीचे चला गया। इनमें प्रदेश का इकलौता हिल स्टेशन पचमढ़ी भी शामिल है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, दिवाली के दौरान प्रदेश में मौसम साफ रहने की संभावना है। फिलहाल किसी भी जिले में बारिश या आंधी को लेकर चेतावनी जारी नहीं की गई है।
दिवाली से पहले कई शहरों में बिगड़ी हवा की गुणवत्ता
मौसम में ठंडक बढने के साथ ही मध्य प्रदेश के कई शहरों में वायु प्रदूषण भी चिंता का विषय बन गया है। दिवाली से पहले ग्वालियर में प्रदूषण का स्तर सबसे अधिक दर्ज किया गया, जहां एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 300 के पार पहुंच गया।
राजधानी भोपाल में भी हवा की गुणवत्ता खराब स्थिति में बनी हुई है। यहां AQI 261 रिकॉर्ड किया गया। वहीं इंदौर में 233 और उज्जैन में 229 का आंकडा दर्ज हुआ। इन आंकडों से साफ है कि प्रदेश के प्रमुख शहरों में प्रदूषण का असर बढ रहा है।
पश्चिमी विक्षोभ के असर से और बढ़ेगी ठंड
मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार, 10 नवंबर से उत्तर-पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है। इसके प्रभाव से मध्य प्रदेश के मौसम में भी बदलाव आने की संभावना है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुमान के मुताबिक, अगले दो से तीन दिनों के दौरान प्रदेश में ठंडी हवाओं का प्रभाव बढ सकता है। इसके चलते रात के तापमान में और गिरावट आने के आसार हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में प्रदेश के लोगों को ठंड का अधिक एहसास हो सकता है।
दिवाली पर बारिश का अलर्ट नहीं
त्योहार को लेकर मौसम विभाग का पूर्वानुमान फिलहाल राहत देने वाला है। दिवाली के दिन प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम साफ रहने की संभावना जताई गई है। किसी भी इलाके के लिए आंधी या बारिश का अलर्ट जारी नहीं हुआ है। हालांकि, रात के समय तापमान में गिरावट के कारण ठंड का असर बना रह सकता है।










