

जशपुर: जशपुर जिले में शादी का झांसा देकर युवती से दुष्कर्म करने वाले आरोपी को न्यायालय ने 10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। विशेष न्यायाधीश अनुसूचित जाति एवं जनजाति अत्याचार निवारण न्यायालय ने आरोपी पर 10 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड अदा नहीं करने की स्थिति में आरोपी को अतिरिक्त 6 माह का सश्रम कारावास भुगतना होगा।
मिली जानकारी के अनुसार, थाना कुनकुरी क्षेत्र की रहने वाली 28 वर्षीय युवती ने 19 जनवरी 2024 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़िता ने बताया कि वह कुनकुरी में किराए के मकान में रहकर एक दुकान में काम करती थी। वर्ष 2018 में किसी काम से जशपुर आने के दौरान उसकी पहचान आरोपी वासिफ अंसारी से हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच मोबाइल फोन पर बातचीत शुरू हुई और नजदीकियां बढ़ गईं।आरोप है कि वर्ष 2019 में आरोपी ने पीड़िता को प्रेम और शादी का भरोसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद आरोपी लगातार शादी का झांसा देकर उसका शारीरिक शोषण करता रहा। पीड़िता जब भी शादी की बात करती, आरोपी उसे टाल देता था। आखिरकार 3 जनवरी 2024 को आरोपी बिना बताए उसे छोड़कर फरार हो गया। इसके बाद पीड़िता ने थाना कुनकुरी पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।मामले में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 376(N) और एससी-एसटी एक्ट की धारा 3(2)(v) के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की। मामले की विवेचना एसडीओपी कुनकुरी विनोद कुमार मंडावी और तत्कालीन थाना प्रभारी उप निरीक्षक सुनील सिंह द्वारा की गई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को वर्ष 2024 में ही गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया था।
इस मामले में लोक अभियोजक अजीत रजक की प्रभावी पैरवी, पुलिस की मजबूत विवेचना और साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी को दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के सश्रम कारावास और 10 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।
इस संबंध में डॉ लाल उमेद सिंह ने कहा कि महिलाओं से जुड़े अपराधों में शामिल आरोपियों के खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई जारी रखेगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।





















