
CG News: छत्तीसगढ़ के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की कमी और बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं को लेकर अब मामला तूल पकड़ता नजर आ रहा है। दुर्ग जिले में छात्रों के प्रदर्शन के बाद कॉकरोच जनता पार्टी ने भी स्कूलों की व्यवस्थाओं को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित किया है। पार्टी ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, शिक्षा मंत्री और शिक्षा सचिव को पत्र भेजकर पेंड्रावन सहित प्रदेश के अन्य स्कूलों की समस्याओं के समाधान की मांग की है।पार्टी नेता महेंद्र भारद्वाज ने पत्र में कहा है कि स्कूलों में शिक्षकों की कमी, रिक्त पदों और मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं का समयबद्ध तरीके से समाधान होना चाहिए। उन्होंने सरकार से प्रदेशभर के स्कूलों की स्थिति की समीक्षा कर जरूरी कदम उठाने की अपील की है।
पेंड्रावन स्कूल को लेकर क्या है मुख्य मांग
पेंड्रावन के स्वामी आत्मानंद स्कूल में छात्रों ने शिक्षकों की कमी को लेकर विरोध प्रदर्शन किया था। इसी मामले को आधार बनाते हुए पार्टी ने मांग की है कि विद्यार्थियों की आवश्यकता के अनुसार स्कूल में सभी 17 शिक्षकों की स्थायी पदस्थापना की जाए। शिक्षकों की कमी को केवल अटैचमेंट के जरिए पूरा करने के बजाय स्थायी व्यवस्था करने पर जोर दिया गया है।पार्टी ने छात्रों की अन्य मांगों पर भी जल्द कार्रवाई करने की मांग सरकार से की है।
10 दिन में सामने आए रिक्त पदों का पूरा ब्यौरा
कॉकरोच जनता पार्टी ने सरकार के सामने मांग रखी है कि प्रदेश के सभी स्कूलों में खाली पड़े शिक्षकों के पदों की जानकारी 10 दिन के भीतर सार्वजनिक की जाए।मांग के अनुसार संभाग, जिला, स्कूल का नाम, विषय और रिक्त पदों की संख्या की पूरी जानकारी सामने आनी चाहिए। इसके बाद खाली पदों को भरने के लिए भर्ती योजना तैयार कर प्रक्रिया जल्द शुरू करने की बात कही गई है।पार्टी ने अनियमित संविदा शिक्षकों के मानदेय में भी सुधार की मांग रखी है। उसका कहना है कि शिक्षकों को सम्मानजनक बेसिक मानदेय मिलने से वे बेहतर तरीके से अपनी जिम्मेदारी निभा सकेंगे।
शिक्षा सत्र शुरू होने से पहले पूरी हो शिक्षकों की भर्ती
तीसरी बड़ी मांग प्रदेश के स्कूलों में शिक्षकों की उपलब्धता को लेकरकी गई है। पार्टी का कहना है कि शिक्षा सत्र शुरू होने से पहले ही शिक्षकों की भर्ती और पदस्थापना पूरी कर ली जानी चाहिए।इससे नए सत्र की शुरुआत से ही कक्षाओं में पढ़ाई सुचारू रूप से संचालित हो सकेगी और विद्यार्थियों को लंबे समय तक शिक्षकों की कमी का सामना नहीं करना पड़ेगा।
12 घंटे तक सड़क पर बैठे थे पेंड्रावन के छात्र
पेंड्रावन के स्वामी आत्मानंद स्कूल में कुछ दिन पहले कक्षा 9वीं से 12वीं तक के करीब 400 विद्यार्थियों ने शिक्षकों की कमी के खिलाफ प्रदर्शन किया था। छात्रों ने खैरागढ़-धमधा मुख्य मार्ग पर करीब 12 घंटे तक चक्काजाम किया।शिक्षा विभाग की ओर से नए शिक्षकों की व्यवस्था का आश्वासन मिलने के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ।
सेलूद में भी मूलभूत सुविधाओं को लेकर प्रदर्शन
इसी तरह दुर्ग जिले के सेलूद में भी करीब 200 छात्र-छात्राओं ने स्कूल में शौचालय और अन्य बुनियादी सुविधाओं की मांग को लेकर विरोध जताया था। विद्यार्थियों ने दुर्ग-पाटन मार्ग पर प्रदर्शन किया।लगातार सामने आ रहे इन मामलों के बाद अब स्कूलों में शिक्षकों की उपलब्धता और मूलभूत सुविधाओं को लेकर सरकार के सामने व्यवस्था सुधारने की चुनौती खड़ी हो गई है।



















