खरसिया : सिविल अस्पताल में एक 22 वर्षीय युवक की मौत के बाद भारी हंगामा खड़ा हो गया। परिजनों ने डॉक्टर पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए अस्पताल के बाहर विरोध प्रदर्शन किया और सड़क पर चक्का जाम कर दिया। घटना के बाद पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने में जुटी रही।

खूनी दस्त की शिकायत के बाद कराया गया था भर्ती

जानकारी के अनुसार ताम्रेश्वर शर्मा अपने भाई के साथ अस्पताल के पास चाय की दुकान चलाता था। कुछ समय पहले उसे खूनी दस्त की शिकायत हुई, जिसके बाद पिता राजेंद्र प्रसाद शर्मा उसे खरसिया सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे। परिजनों के मुताबिक जांच के बाद डॉक्टर विक्रम राठिया ने ऑपरेशन की सलाह दी, जिस पर परिवार ने सहमति दे दी।

गुरुवार को युवक को अस्पताल में भर्ती किया गया और आवश्यक जांच के बाद ऑपरेशन थिएटर ले जाया गया। ऑपरेशन के दौरान पिता बाहर इंतजार करते रहे।

डॉक्टर बोले होश नहीं आया, मेडिकल कॉलेज किया रेफर

परिजनों का आरोप है कि कुछ समय बाद डॉक्टर और नर्स ने बाहर आकर बताया कि मरीज को होश नहीं आ रहा है, इसलिए उसे रायगढ़ मेडिकल कॉलेज अस्पताल रेफर किया जा रहा है। परिवार तत्काल युवक को लेकर रायगढ़ पहुंचा, जहां उन्हें बताया गया कि उसकी मौत खरसिया अस्पताल में ही हो चुकी थी।

मौत की खबर मिलते ही फूटा लोगों का गुस्सा

युवक की मौत की जानकारी मिलते ही परिजन और स्थानीय लोग आक्रोशित हो गए। बड़ी संख्या में लोग खरसिया सिविल अस्पताल पहुंच गए और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। बाद में गुस्साए लोगों ने सड़क जाम कर दिया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और लोगों को शांत कराने का प्रयास किया।

पिता ने लगाए गंभीर आरोप

मृतक के पिता राजेंद्र प्रसाद शर्मा का आरोप है कि उनके बेटे को केवल पाइल्स की समस्या थी और ऑपरेशन के दौरान डॉक्टर की लापरवाही के कारण उसकी जान चली गई। उनका कहना है कि परिवार को समय रहते सही जानकारी भी नहीं दी गई।

राजनीतिक प्रतिक्रिया भी आई सामने

खरसिया नगर कांग्रेस अध्यक्ष सुनील शर्मा ने भी घटना के विरोध में किए गए चक्का जाम को समर्थन दिया। उन्होंने अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि इस तरह की घटना ने सिविल अस्पताल की छवि को गंभीर नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने दोषी पाए जाने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।

जांच के बाद होगी स्थिति स्पष्ट

फिलहाल परिजनों ने डॉक्टर पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए हैं। हालांकि इन आरोपों की पुष्टि आधिकारिक जांच के बाद ही हो सकेगी। मामले को लेकर स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की आगे की कार्रवाई पर सभी की नजर बनी हुई है।

Leave a reply

Please enter your name here
Please enter your comment!