

अंबिकापुर: सरगुजा पुलिस ने ऑनलाइन फ्रॉड और सट्टे के पैसों के लेन-देन में इस्तेमाल किए जा रहे म्यूल अकाउंट के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। गांधीनगर थाना पुलिस ने ऐसे गिरोह का खुलासा किया है, जो लोगों के नाम पर बैंक खाते खुलवाकर उन्हें ऑनलाइन ठगी और सट्टा कारोबार में इस्तेमाल कर रहा था।
पुलिस के मुताबिक नवापारा निवासी वैभव सूर्यवंशी ने थाना गांधीनगर में शिकायत दर्ज कराई थी कि सुमित सिंह और अनुज सिंह ने घर निर्माण के लिए लेन-देन का हवाला देकर उसके नाम पर आईडीबीआई बैंक में दो खाते खुलवाए थे। कुछ दिनों बाद दोनों आरोपियों ने एटीएम कार्ड, पासबुक और चेकबुक अपने पास ले लिए। बाद में प्रार्थी को जानकारी मिली कि उसके खातों से करीब 1 करोड़ 80 लाख रुपए का ट्रांजेक्शन हुआ है। इसके बाद उसने बैंक में आवेदन देकर खाते बंद करवाए और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। इस मामले में गांधीनगर थाना में अपराध क्रमांक 314/2026 के तहत विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू की गई। विवेचना के दौरान पुलिस ने आरोपी अनुज सिंह को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उसने अलग-अलग लोगों के बैंक खाते लेकर उनमें ऑनलाइन फ्रॉड और सट्टे की रकम का लेन-देन और आहरण करना स्वीकार किया।पुलिस ने आरोपी अनुज सिंह पिता सर्वजीत सिंह, उम्र 30 वर्ष, निवासी नवापारा थाना गांधीनगर को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। वहीं इस मामले में शामिल दूसरा आरोपी सुमित सिंह को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस अन्य संलिप्त लोगों की तलाश में जुटी हुई है।पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी गांधीनगर निरीक्षक प्रवीण द्विवेदी, आर. अरविंद उपाध्याय और ऋषभ सिंह की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
सरगुजा पुलिस ने बताया कि म्यूल अकाउंट और अवैध सिम खरीद-फरोख्त के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। पिछले 10 दिनों में ऐसे 4 मामलों में कार्रवाई करते हुए 20 आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है। पुलिस ने युवाओं से अपील की है कि वे पैसों के लालच में अपने बैंक खाते या सिम कार्ड किसी को न दें, अन्यथा वे भी कानूनी कार्रवाई की जद में आ सकते हैं।





















