


रायपुर। राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी पहल 'सेवा सेतु' आज लाखों नागरिकों के लिए भरोसेमंद डिजिटल सहारा बन चुकी है। सरकारी सेवाओं को दफ्तरों से निकालकर सीधे नागरिकों तक पहुंचाने वाली यह व्यवस्था अब प्रदेश में 'जनता के द्वार डिजिटल सरकार' की सोच को साकार कर रही है। आज आय, जाति, निवास, विवाह पंजीयन, राशन कार्ड, पेंशन, राजस्व प्रकरण, आधार सहायता, बिजली बिल भुगतान सहित 500 से अधिक सेवाएं एक ही डिजिटल मंच पर उपलब्ध हैं। इससे नागरिकों का समय, धन और श्रम बच रहा है तथा प्रशासन अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बना है।
‘सेवा सेतु’ का लोकार्पण
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 29 अप्रैल 2026 को नवा रायपुर स्थित मंत्रालय (महानदी भवन) से छत्तीसगढ़ इन्फोटेक प्रमोशन सोसायटी (चिप्स) द्वारा आमजन तक प्रभावशाली, पारदर्शी और डिजिटल नागरिक सेवाओं की सुलभ पहुंच सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत संचालित ई-डिस्ट्रिक्ट परियोजना के उन्नत संस्करण ‘सेवा सेतु’ का लोकार्पण किया। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्रीअरुण साव और विजय शर्मा सहित मंत्रिमंडल के सभी मंत्रीगण उपस्थित थे।

अब गांव के पास ही मिल रही सरकारी सेवाएं
पहले छोटे-छोटे प्रमाण पत्रों के लिए लोगों को तहसील, जनपद या जिला मुख्यालय के कई चक्कर लगाने पड़ते थे। अब सेवा सेतु केंद्रों के माध्यम से ग्रामीणों को उनके गांव के नजदीक ही अधिकांश शासकीय सेवाएं उपलब्ध हो रही हैं। आवेदन से लेकर प्रमाण पत्र प्राप्त करने तक पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन और समयबद्ध हो गई है।
ग्रामीण डिजिटल सशक्तिकरण का मॉडल बना अटल डिजिटल सुविधा केंद्र
ADVERTISEMENTकोंडागांव जिले के बड़ेकनेरा स्थित अटल डिजिटल सुविधा केंद्र का निरीक्षण करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने स्वयं देखा कि सेवा सेतु के माध्यम से ग्रामीणों को एक ही स्थान पर अनेक सरकारी और डिजिटल सेवाएं मिल रही हैं। ग्रामीण महिलाओं ने महतारी वंदन योजना, पेंशन और किसान सम्मान निधि जैसी योजनाओं का लाभ मिलने की जानकारी दी। वहीं केंद्र के सेवा सेतु प्रबंधक ने बताया कि यहां प्रतिमाह लाखों रुपये का डिजिटल लेनदेन हो रहा है और स्थानीय युवाओं को रोजगार भी मिला है।

वंदना को एक ही दिन में मिला निवास प्रमाण पत्र
बीजापुर जिले के भैरमगढ़ विकासखंड के ग्राम तड़केल निवासी वंदना हेमला ने सेवा सेतु केंद्र नेलेसनार में स्थानीय निवास प्रमाण पत्र के लिए आवेदन किया। आवेदन मिलने के उसी दिन प्रमाण पत्र जारी कर दिया गया। वंदना बताती हैं कि पहले सरकारी प्रमाण पत्र बनवाने के लिए कई बार कार्यालय जाना पड़ता था, जिससे समय और पैसे दोनों खर्च होते थे। अब सेवा सेतु केंद्र ने पूरी प्रक्रिया को आसान, पारदर्शी और समयबद्ध बना दिया है। उनके अनुसार यह पहल ग्रामीणों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।

रामेश्वरी को समय पर मिला विवाह पंजीयन प्रमाण पत्र
बस्तर जिले की निवासी रामेश्वरी ने विवाह पंजीयन के लिए सेवा सेतु केंद्र में आवेदन किया। निर्धारित समय सीमा के भीतर उन्हें विवाह प्रमाण पत्र प्राप्त हो गया। उन्होंने बताया कि पहले ऐसे कार्यों के लिए कई कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ते थे, लेकिन अब सेवा सेतु केंद्र में कर्मचारियों के सहयोग से बिना किसी परेशानी के उनका पूरा कार्य समय पर संपन्न हो गया। इससे शासन की डिजिटल सेवाओं पर उनका विश्वास और मजबूत हुआ।

आय प्रमाण पत्र समय पर मिलने से आसान हुई आगे की प्रक्रिया
कोरबा जिले के पाली तहसील अंतर्गत नानबांका निवासी रनसिंह नेटी ने अपने पुत्र सुनील कुमार के लिए आय प्रमाण पत्र हेतु आवेदन किया था। लगभग एक सप्ताह के भीतर प्रमाण पत्र जारी हो गया। परिवार का कहना है कि पहले ऐसे कार्यों में कई बार कार्यालय जाना पड़ता था, जबकि अब सेवा सेतु के माध्यम से पूरी प्रक्रिया सरल और समयबद्ध हो गई है। इससे ग्रामीण परिवारों को बड़ी सुविधा मिल रही है।

वर्षों पुरानी आधार समस्या का हुआ समाधान
सूरजपुर की छात्रा कुमारी संध्या देवांगन के लिए सेवा सेतु केंद्र बड़ी राहत लेकर आया। वर्ष 2017 में आधार कार्ड गुम होने और मोबाइल नंबर लिंक नहीं होने के कारण वह कई वर्षों से परेशान थीं। सेवा सेतु केंद्र पहुंचने पर कर्मचारियों ने तकनीकी सहायता देकर निर्धारित प्रक्रिया पूरी कराई और उनकी समस्या का समाधान कराया। वर्षों से लंबित कार्य पूरा होने पर उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय सरकार और जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया।

शासन और नागरिकों के बीच बढ़ा भरोसा
सेवा सेतु केवल ऑनलाइन पोर्टल नहीं, बल्कि शासन और नागरिकों के बीच भरोसे का मजबूत सेतु बन गया है। व्हाट्सएप सुविधा, आधार आधारित ई-केवाईसी, डिजिलॉकर, डिजिटल प्रमाण पत्र, क्यूआर आधारित सत्यापन, ऑनलाइन भुगतान और बहुभाषी प्लेटफॉर्म जैसी आधुनिक सुविधाओं ने सरकारी सेवाओं को पहले से कहीं अधिक सरल और सुरक्षित बनाया है।

सुशासन की दिशा में मजबूत कदम
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में सेवा सेतु ने डिजिटल गवर्नेंस को नई पहचान दी है। गांव-गांव तक पहुंचती डिजिटल सेवाएं यह साबित कर रही हैं कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उनका लाभ अंतिम व्यक्ति तक समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पहुंचाना है। सेवा सेतु आज लाखों नागरिकों के लिए सरकारी सेवाओं का सबसे भरोसेमंद डिजिटल सहारा बनकर उभरा है और छत्तीसगढ़ में सुशासन के नए अध्याय की मजबूत आधारशिला रख रहा है।





















