
अंबिकापुर: व्यापार के नाम पर करोड़ों रुपये की रकम लेने, कूटरचित दस्तावेज तैयार करने और रकम वापस मांगने पर जान से मारने की धमकी देने के आरोप में कोतवाली पुलिस ने एक कारोबारी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात, गाली-गलौज और धमकी देने की धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है।
पुलिस ने बताया कि प्रार्थी की पहचान आरोपी सुजीत जायसवाल से थी। आरोपी प्रतीक स्टील ट्रेडर्स का संचालन करता है। आरोप है कि सुजीत जायसवाल ने व्यापार करने की बात कहकर प्रार्थी से 13 अगस्त 2021 से 25 नवंबर 2022 के बीच कुल 4 करोड़ 80 लाख 50 हजार रुपये लिए। बाद में रकम वापस मांगने पर आरोपी ने कथित तौर पर 2 करोड़ 72 लाख रुपये लौटाए, जबकि 2 करोड़ 8 लाख 50 हजार रुपये अब भी बकाया बताए गए हैं।इसके अलावा आरोपी पर धर्मकांटा और इंफ्रास्ट्रक्चर निर्माण के नाम पर भी रकम लेने का आरोप है। शिकायतकर्ता के अनुसार इसके लिए जमीन की रजिस्ट्री कराने का भरोसा दिया गया था, लेकिन न तो रजिस्ट्री कराई गई और न ही संबंधित रकम वापस की गई।पुलिस के मुताबिक बकाया रकम वापस मांगने पर आरोपी ने प्रार्थी और उसके परिवार को जान से मारने की धमकी देने के साथ गाली-गलौज भी की। शिकायत के आधार पर कोतवाली थाने में अपराध क्रमांक 398/2026 दर्ज कर धारा 318(4), 296, 351(3) और 316(5) बीएनएस के तहत जांच शुरू की गई।
मामले को गंभीरता से लेते हुए डीआईजी एवं एसएसपी सरगुजा राजेश अग्रवाल ने कोतवाली पुलिस को आरोपी के खिलाफ त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। विवेचना के दौरान पुलिस ने आरोपी सुजीत जायसवाल, उम्र 48 वर्ष, निवासी गोधनपुर, वसुंधरा बिहार रोड, अंबिकापुर को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस का कहना है कि पूछताछ में आरोपी ने व्यापार के नाम पर रकम लेने की बात स्वीकार की। पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
कार्रवाई में कोतवाली थाना प्रभारी उप निरीक्षक अखिलेश सिंह, साइबर सेल प्रभारी सहायक उप निरीक्षक अजीत मिश्रा, सहायक उप निरीक्षक विवेक पाण्डेय, अदीप प्रताप सिंह सहित आरक्षक एहसान फिरदौशी, अशोक यादव, रमेश राजवाड़े, संजीव चौबे और देवेंद्र पाठक की भूमिका रही।



















