

Datia By Election: दतिया उपचुनाव के दौरान पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा को टिकट नहीं मिलने का मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। इसी बीच भाजपा के वरिष्ठ विधायक पन्नालाल शाक्य ने पहली बार इस मुद्दे पर खुलकर प्रतिक्रिया देते हुए नरोत्तम मिश्रा पर अप्रत्यक्ष तंज कसा है। अपने बेबाक बयानों के लिए पहचाने जाने वाले शाक्य के इस बयान ने राजनीतिक हलकों में नई चर्चा छेड़ दी है।
'मेरा भी टिकट कटा था, तब कोई आंसू नहीं निकले'
नरोत्तम मिश्रा के चुनाव प्रचार के दौरान भावुक होने की घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए पन्नालाल शाक्य ने कहा कि वर्ष 2018 में उनका भी टिकट काट दिया गया था, लेकिन उस समय उन्होंने भावुकता नहीं दिखाई। उन्होंने कहा कि उस वक्त उनका हाल पूछने या उनके आंसू पोंछने भी कोई नहीं आया था, इसलिए ऐसी स्थिति में अधिक चिंता करने की जरूरत नहीं होती।
नई पीढ़ी को भी मिलना चाहिए अवसर
भाजपा विधायक ने आगे कहा कि राजनीति में पीढ़ियों के बीच संतुलन जरूरी है। उनके अनुसार, जब वरिष्ठ नेताओं के लिए जगह खाली होगी तभी नए लोगों को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा। उन्होंने संकेत दिया कि संगठन में समय-समय पर नेतृत्व परिवर्तन स्वाभाविक प्रक्रिया है।
चुनाव प्रचार के दौरान भावुक हुए थे नरोत्तम मिश्रा
हाल ही में दतिया में चुनाव प्रचार के दौरान नरोत्तम मिश्रा मंच पर भावुक दिखाई दिए थे। बाद में उन्होंने इस पर सफाई देते हुए कहा था कि दतिया की जनता के विरोध प्रदर्शन के दौरान आंसू गैस के गोले छोड़े गए थे। उन्होंने बताया कि बाद में एक पुराने कार्यकर्ता से मुलाकात हुई, जिससे जुड़ी यादें ताजा हो गईं और भावनाएं उमड़ने के कारण वह भावुक हो गए।










