

बलरामपुर/राजपुर। बलरामपुर जिले के राजपुर स्थित स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय में आयोजित शाला प्रवेश उत्सव के दौरान उस समय माहौल गर्मा गया जब विधायक उदधेश्वरी पैकरा मंच की बैठक व्यवस्था से नाराज हो गईं।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार उन्होंने मंच के सामने रखे नेमप्लेट को हटवा दिया तथा शिक्षा विभाग के अधिकारियों को फटकार लगाई।बताया जा रहा है कि मंच पर वरिष्ठ एवं कनिष्ठ पदाधिकारियों की बैठने की व्यवस्था को लेकर भाजपा संगठन के कुछ पदाधिकारियों ने भी बैठक व्यवस्था पर आपत्ति जताई।विवाद के कारण कुछ समय के लिए कार्यक्रम प्रभावित हुआ।
जिस कार्यक्रम का केंद्र बच्चों का उत्साहवर्धन होना चाहिए था, वहां चर्चा मंच की कुर्सियों और प्रोटोकॉल की होने लगी। इससे यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि क्या बच्चों के भविष्य से जुड़े ऐसे आयोजनों में प्रोटोकॉल का विवाद हावी होना चाहिए? क्या छोटे कार्यकर्ता और स्थानीय पदाधिकारी वरिष्ठ नेताओं के साथ मंच साझा नहीं कर सकते? और क्या ऐसे आयोजनों में बच्चों से अधिक प्राथमिकता नेताओं की बैठने की व्यवस्था को मिलनी चाहिए?
स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसे आयोजनों का उद्देश्य बच्चों में शिक्षा के प्रति उत्साह जगाना होता है, लेकिन जब मंच पर विवाद होता है तो उसका नकारात्मक प्रभाव बच्चों और अभिभावकों पर पड़ता है। कई अभिभावकों ने भी इस घटना पर नाराजगी जताते हुए कहा कि नेताओं को ऐसे अवसरों पर संयम और संवेदनशीलता दिखानी चाहिए।
घटना के संबंध में विधायक और शिक्षा विभाग की आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी सामने नहीं आई है। उनका पक्ष प्राप्त होने पर समाचार को अद्यतन किया जाएगा।











