

रीवा: मध्य प्रदेश के रीवा स्थित संजय गांधी अस्पताल से एक बेहद गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। सीधी पुलिस के तीन जवानों का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें वे ड्यूटी के दौरान नशे की हालत में अमर्यादित व्यवहार करते नजर आ रहे हैं। इस घटना ने पुलिस विभाग की कार्यशैली और अनुशासन पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
कैदी की सुरक्षा में पहुंचे थे जवान, अस्पताल में बिगड़ी तस्वीर
जानकारी के अनुसार सीधी जिला जेल में बंद कैदी लल्लू साकेत की तबीयत अचानक खराब हो गई थी। पहले उसे जिला अस्पताल सीधी ले जाया गया, जहां से हालत गंभीर होने पर रीवा के संजय गांधी अस्पताल रेफर किया गया। कैदी की निगरानी के लिए प्रधान आरक्षक उदयराज सिंह, आरक्षक मनीष तिवारी और एएसआई नर्मदा प्रजापति को तैनात किया गया था।
वीडियो में दिखी गैरजिम्मेदारी, बेड पर सोना और डस्टबिन में पेशाब
रविवार रात करीब 10 बजे तीनों जवान कैदी को लेकर अस्पताल पहुंचे थे। इसी दौरान वहां मौजूद किसी व्यक्ति ने उनका वीडियो बना लिया, जो अब वायरल हो गया है। वीडियो में प्रधान आरक्षक उदयराज सिंह शराब के नशे में मरीज के बेड पर लेटे नजर आ रहे हैं, जबकि आरक्षक मनीष तिवारी डस्टबिन में पेशाब करते दिखाई दे रहे हैं। इतना ही नहीं, उन्होंने अपनी वर्दी उतारकर ड्रिप स्टैंड पर टांग दी, जो बेहद आपत्तिजनक है।
तीसरे पुलिसकर्मी एएसआई नर्मदा प्रजापति वीडियो में स्पष्ट रूप से नजर नहीं आए, लेकिन प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक करीब दो घंटे तक अस्पताल परिसर में यह अव्यवस्था बनी रही, जिससे मरीजों और परिजनों में नाराजगी फैल गई।
जांच के आदेश, दोषी पाए जाने पर होगी कड़ी कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए अधिकारियों ने जांच के आदेश दिए हैं। प्रभारी रक्षित निरीक्षक तरुण बेड़िया ने बताया कि तीनों जवान सीधी पुलिस लाइन में पदस्थ हैं और ड्यूटी पर भेजे गए थे। वायरल वीडियो की जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने पर सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की छवि पर सवाल, जिम्मेदारी और अनुशासन की जरूरत
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि संवेदनशील ड्यूटी पर तैनात कर्मियों से अपेक्षित अनुशासन और जिम्मेदारी क्यों नहीं निभाई जा रही। फिलहाल संबंधित जवानों को वापस बुला लिया गया है और मामले की जांच जारी है।

































