
सरगुजा। छत्तीसगढ़ कांग्रेस में गुटबाजी की चर्चाओं के बीच प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज ने पार्टी के भीतर किसी तरह के गुटबाजी के दावों को खारिज किया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में नेताओं के बीच मतभेद हो सकते हैं, लेकिन इसे गुटबाजी के तौर पर पेश करना भारतीय जनता पार्टी की ओर से बनाया गया नैरेटिव है।बैज ने कांग्रेस और भाजपा के नेताओं की आपसी एकजुटता को लेकर तुलना करते हुए कहा कि कांग्रेस के नेता लगातार एक-दूसरे के साथ सार्वजनिक तौर पर नजर आते हैं। उन्होंने दावा किया कि पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के साथ आने से भाजपा को परेशानी होती है।
एक गाड़ी में साथ नजर आते हैं कांग्रेस के नेता
दीपक बैज ने कहा कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के बीच आपसी संवाद और भाईचारा लगातार दिखाई देता है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि कई मौकों पर टीएस सिंहदेव और भूपेश बघेल एक साथ नजर आए हैं। वहीं, वह खुद भी चरणदास महंत और टीएस सिंहदेव के साथ एक ही गाड़ी में दिखाई दिए हैं।बैज के मुताबिक, कांग्रेस नेताओं का इस तरह साथ आना पार्टी के भीतर एकजुटता का संदेश देता है। उनका कहना है कि केवल राजनीतिक मतभेदों या अलग-अलग विचारों के आधार पर कांग्रेस में गुटबाजी होने की बात कहना सही नहीं है।
भाजपा के बड़े नेताओं को लेकर बैज ने उठाया सवाल
PCC अध्यक्ष ने भाजपा पर पलटवार करते हुए पूछा कि क्या भाजपा के वरिष्ठ नेता बृजमोहन अग्रवाल, अमर अग्रवाल, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और धरमलाल कौशिक कभी इसी तरह एक साथ एक गाड़ी में दिखाई दिए हैं।उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेताओं के बीच जिस तरह सार्वजनिक रूप से आपसी भाईचारा नजर आता है, वैसी तस्वीर भाजपा में दिखाई नहीं देती। बैज ने इसी आधार पर कांग्रेस में गुटबाजी के आरोपों को भाजपा के प्रचार का हिस्सा बताया।
मतभेद और गुटबाजी को एक जैसा नहीं मानती कांग्रेस
दीपक बैज ने कहा कि किसी भी राजनीतिक दल में नेताओं के बीच अलग-अलग मुद्दों पर मतभेद होना सामान्य बात है। हालांकि, उनके मुताबिक हर मतभेद को गुटबाजी कहना उचित नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस के नेताओं के बीच संवाद और आपसी संबंध बने हुए हैं और पार्टी को लेकर गुटबाजी की जो तस्वीर पेश की जा रही है, वह वास्तविक स्थिति से अलग है।




















