
सूरजपुर: नाबालिग बालिका के अपहरण के मामले में ओड़गी पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को महाराष्ट्र के नागपुर से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी लगातार अपना ठिकाना बदलकर पुलिस से बचने की कोशिश कर रहा था। पुलिस टीम ने बिहार से लेकर हैदराबाद, बेंगलुरु और नागपुर तक उसका पीछा किया और आखिरकार उसे पकड़ने में सफलता हासिल की।
पुलिस के अनुसार, थाना ओड़गी क्षेत्र निवासी एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी नाबालिग बेटी को कोई अज्ञात व्यक्ति बहला-फुसलाकर अपने साथ भगाकर ले गया है। शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 137(2) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की।मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सूरजपुर योगेश कुमार पटेल ने नाबालिग की सुरक्षित दस्तयाबी और आरोपी की गिरफ्तारी के लिए दो पुलिस टीमों का गठन किया। एक टीम को कटनी, मध्यप्रदेश तथा दूसरी टीम को पश्चिम चंपारण, बिहार रवाना किया गया। दोनों टीमों ने संभावित ठिकानों पर दबिश दी, लेकिन आरोपी लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था।बिहार पहुंची पुलिस टीम ने तकनीकी संसाधनों की मदद से आरोपी की गतिविधियों की जानकारी जुटाई और उसका लगातार पीछा किया। पुलिस टीम आरोपी के पीछे हैदराबाद और फिर बेंगलुरु पहुंची। इसके बाद आरोपी के नागपुर, महाराष्ट्र में होने की जानकारी मिलने पर पुलिस टीम ने वहां भी पीछा जारी रखा।आखिरकार नागपुर के पाडूरंगा क्षेत्र से पुलिस ने राजू कुमार उम्र 24 वर्ष, निवासी पश्चिम चंपारण, बिहार को पकड़ लिया। उसके कब्जे से अपहृत नाबालिग बालिका को सकुशल बरामद कर पुलिस टीम वापस लाई।
नाबालिग को आवश्यक प्रक्रिया के तहत बाल कल्याण समिति (CWC) के समक्ष पेश किया गया, जिसके बाद उसे उसके परिजनों को सौंप दिया गया। वहीं मामले में आरोपी राजू कुमार को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
पूरी कार्रवाई अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक योगेश देवांगन एवं एसडीओपी ओड़गी राजेंद्र मांडवी के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी ओड़गी अलरिक लकड़ा, एएसआई ज्ञानचंद सिंह, प्रधान आरक्षक उदय सिंह, आरक्षक हेमंत सिंह, अनिल एक्का, सतीश गुप्ता, निर्मल राजवाड़े एवं महिला आरक्षक सुकन्या सिंह की सक्रिय भूमिका रही।




















