
भोपाल। मध्य प्रदेश में भाजपा संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के लिए पार्टी ने नई व्यवस्था लागू करने की तैयारी की है। इसके तहत नवंबर महीने में प्रदेश सरकार के मंत्री निर्धारित दिनों पर भाजपा कार्यालय में बैठेंगे और पार्टी कार्यकर्ताओं से सीधे संवाद करेंगे। इस दौरान कार्यकर्ता अपनी समस्याएं, शिकायतें और सुझाव मंत्रियों के सामने रख सकेंगे। भाजपा प्रदेश संगठन ने इसके लिए 14 दिनों का विशेष कार्यक्रम तैयार कर पूरा शेड्यूल भी जारी कर दिया है।
प्रदेश भाजपा कार्यालय में होगा कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद
भाजपा संगठन की इस पहल के तहत मंत्रियों को कुशाभाऊ ठाकरे परिसर स्थित प्रदेश कार्यालय में उपस्थित रहना होगा। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार प्रत्येक मंत्री दोपहर 1 बजे से 3 बजे तक कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगे। इस दौरान वन-टू-वन चर्चा के जरिए उनकी समस्याओं को समझने और समाधान की दिशा में पहल करने पर जोर रहेगा।
दरअसल, पार्टी के जमीनी स्तर के कई कार्यकर्ताओं की ओर से लंबे समय से शिकायतें सामने आती रही हैं। उनका कहना रहा है कि सरकार और संगठन के बीच संवाद की व्यवस्था मजबूत होनी चाहिए, ताकि स्थानीय स्तर की समस्याएं सीधे जिम्मेदार लोगों तक पहुंच सकें। इसी को ध्यान में रखते हुए यह व्यवस्था शुरू की जा रही है।
2 से 30 नवंबर तक चलेगा विशेष अभियान
भाजपा का यह विशेष कार्यक्रम 2 नवंबर से शुरू होकर 30 नवंबर तक चलेगा। त्योहारों की छुट्टियों और शनिवार-रविवार को छोड़कर अलग-अलग कार्यदिवसों में मंत्रियों की जिम्मेदारी तय की गई है।
शुरुआती चरण में कैबिनेट मंत्रियों को दो-दो के समूह में प्रदेश कार्यालय बुलाया जाएगा। वहीं, कार्यक्रम के अंतिम दिनों में कुछ मंत्रियों और राज्य मंत्रियों की अलग-अलग जिम्मेदारी निर्धारित की गई है।
देखिए किस दिन किस मंत्री की रहेगी ड्यूटी
भाजपा प्रदेश संगठन की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार मंत्रियों का शेड्यूल इस प्रकार है।
- 2 नवंबर, सोमवार: उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा और मंत्री गौतम टेटवाल
- 3 नवंबर, मंगलवार: मंत्री राकेश सिंह और दिलीप अहिरवार
- 4 नवंबर, बुधवार: मंत्री विश्वास सारंग और लखन पटेल
- 5 नवंबर, गुरुवार: मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और प्रतिमा बागरी
- 12 नवंबर, गुरुवार: मंत्री करण सिंह वर्मा और नरेंद्र शिवाजी पटेल
- 16 नवंबर, सोमवार: मंत्री तुलसी सिलावट और नारायण सिंह कुशवाह
- 17 नवंबर, मंगलवार: मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर और धर्मेंद्र भावसिंह लोधी
- 18 नवंबर, बुधवार: मंत्री गोविंद सिंह राजपूत और संपतिया उइके
- 19 नवंबर, गुरुवार: मंत्री उदय प्रताप सिंह और निर्मला भूरिया
- 23 नवंबर, सोमवार: मंत्री इंदर सिंह परमार और नागर सिंह चौहान
- 24 नवंबर, मंगलवार: मंत्री कुंवर विजय शाह और दिलीप अहिरवार
- 25 नवंबर, बुधवार: मंत्री राकेश शुक्ला
- 26 नवंबर, गुरुवार: मंत्री चेतन कश्यप
- 30 नवंबर, सोमवार: राज्य मंत्री कृष्णा गौर और दिलीप जायसवाल
संगठन और सरकार के बीच समन्वय बढ़ाने की कवायद
भाजपा की इस व्यवस्था का उद्देश्य पार्टी कार्यकर्ताओं और सरकार के मंत्रियों के बीच सीधा संपर्क स्थापित करना है। प्रदेश कार्यालय में नियमित संवाद होने से कार्यकर्ताओं को अपनी बात रखने का अवसर मिलेगा। साथ ही संगठन को भी जमीनी स्तर पर सामने आ रही समस्याओं की जानकारी मिल सकेगी। अब इस पहल के जरिए यह देखने वाली बात होगी कि कार्यकर्ताओं की शिकायतों के निराकरण में कितनी तेजी आती है।



















