

रायगढ़: रायगढ़ जिले में लगातार हो रही उठाईगिरी, लूट और चोरी की वारदातों पर रायगढ़ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। लैलूंगा पुलिस ने गिरोह के मास्टरमाइंड अरविंद प्रताप सिंह उर्फ अरविंद नट को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसका साथी ओमप्रकाश उर्फ बच्चा सिसोदिया अभी फरार है।
पुलिस के अनुसार आरोपी का नेटवर्क छत्तीसगढ़ के साथ-साथ ओडिशा और मध्यप्रदेश तक फैला हुआ था। पूछताछ में आरोपी ने 15 से अधिक चोरी, लूट और उठाईगिरी की वारदातों को अंजाम देना स्वीकार किया है। गिरोह खासतौर पर बैंक से पैसा निकालने वाले लोगों को निशाना बनाता था और मौका मिलते ही वाहन की डिक्की तोड़कर लाखों रुपये पार कर देता था।लैलूंगा थाना क्षेत्र में जनवरी और अप्रैल माह में हुई लगातार उठाईगिरी की घटनाओं के बाद पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले और तकनीकी विश्लेषण किया। इसी आधार पर आरोपियों की पहचान हुई। पुलिस टीम ने सक्रियता दिखाते हुए आरोपी अरविंद को उस समय गिरफ्तार किया, जब वह फिर से वारदात की योजना बनाकर क्षेत्र में रेकी कर रहा था।
गिरफ्तार आरोपी ने लैलूंगा क्षेत्र में हुई चार बड़ी उठाईगिरी की घटनाओं को कबूल किया है, जिनमें लाखों रुपये की चोरी शामिल है। आरोपी के कब्जे से बिना नंबर की होंडा साइन मोटरसाइकिल, पेचकस और डुप्लीकेट चाबी बरामद की गई है। इन सामग्रियों का उपयोग वारदातों को अंजाम देने में किया जाता था।पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी बैंक और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पहले रेकी करते थे। इसके बाद पैसे निकालकर निकलने वाले लोगों का पीछा करते और मौका मिलते ही पेचकस या डुप्लीकेट चाबी से वाहन खोलकर रकम पार कर देते थे।इस मामले में एक आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब फरार आरोपी ओमप्रकाश की तलाश में लगातार दबिश दे रही है। पुलिस को उम्मीद है कि जल्द ही उसे भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि अंतरराज्यीय स्तर पर सक्रिय ऐसे अपराधियों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। उन्होंने आम नागरिकों से अपील की है कि बैंक से लेन-देन के दौरान सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना पुलिस को दें।































