

इंदौर। शहर के लक्ष्मीबाई नगर रेलवे स्टेशन को जल्द ही एक नए और आधुनिक स्वरूप में देखा जाएगा। स्टेशन की नई भवन संरचना पूरी तरह तैयार हो चुकी है और शुक्रवार से इसका चरणबद्ध संचालन शुरू किया जाएगा। रेलवे प्रशासन इसे भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विकसित कर रहा है।
नई बिल्डिंग से शुरू होगा संचालन, चरणबद्ध बदलाव की तैयारी
रेलवे अधिकारियों के अनुसार शुरुआत में स्टेशन मास्टर सहित विभिन्न विभागों के कार्यालय नई बिल्डिंग में शिफ्ट किए जाएंगे। इसके बाद धीरे-धीरे टिकट काउंटर, प्रतीक्षालय और अन्य यात्री सेवाएं भी नए भवन से संचालित होने लगेंगी।
आधुनिक डिजाइन और बड़ी क्षमता वाला स्टेशन भवन
नई स्टेशन बिल्डिंग को आधुनिक वास्तुकला के आधार पर तैयार किया गया है। यह लगभग 100 मीटर लंबी और 40 मीटर चौड़ी है, जिसे भविष्य में बढ़ने वाले यात्री दबाव और रेल यातायात को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है।
ग्राउंड फ्लोर पर मिलेंगी सभी जरूरी सुविधाएं
भवन के भूतल पर यात्रियों के लिए कई महत्वपूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, जिनमें शामिल हैं—
- विशाल प्रतीक्षालय
- टिकट बुकिंग केंद्र
- पूछताछ काउंटर
- स्टेशन मास्टर कक्ष
- स्वास्थ्य इकाई
- आरपीएफ कार्यालय
- पार्सल विभाग
इसके साथ ही यात्रियों की सुविधा के लिए बैठने और आवाजाही की बेहतर व्यवस्था भी की गई है।
पहली मंजिल पर प्रशासनिक और तकनीकी विभाग
नई बिल्डिंग की पहली मंजिल पर रेलवे के विभिन्न तकनीकी और प्रशासनिक विभागों के कार्यालय स्थापित किए जाएंगे। इनमें विद्युत, इंजीनियरिंग, सिग्नल और दूरसंचार जैसे महत्वपूर्ण विभाग शामिल होंगे, जिससे संचालन व्यवस्था और अधिक सुचारू हो सकेगी।
स्टेशन विस्तार की बड़ी योजना भी तैयार
रेलवे प्रशासन भविष्य में स्टेशन के विस्तार की दिशा में भी काम कर रहा है। योजना के तहत यहां दो नए प्लेटफॉर्म विकसित किए जाएंगे। जैसे ही नई बिल्डिंग पूरी तरह से चालू होगी, पुराने स्टेशन भवन को हटाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
ट्रेनों का दबाव होगा कम, संचालन बढ़ने की उम्मीद
स्टेशन विस्तार के बाद लक्ष्मीबाई नगर स्टेशन से कुछ ट्रेनों का संचालन शुरू किया जा सकता है। इससे इंदौर के मुख्य रेलवे स्टेशन पर यात्री दबाव कम होगा और ट्रेनों की आवाजाही भी बेहतर तरीके से प्रबंधित की जा सकेगी।
यात्रियों को मिलेगा आधुनिक और बेहतर अनुभव
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि नए स्टेशन के पूरी तरह चालू होने के बाद यात्रियों को एक आधुनिक, सुविधाजनक और बेहतर यात्रा अनुभव मिलेगा। साथ ही स्टेशन की परिचालन क्षमता में भी बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।





















