

बलरामपुर: सुघ्घर छत्तीसगढ़ अभियान के अंतर्गत जिले में चल रहे डोर-टू-डोर सर्वेक्षण कार्य का कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने मैदानी स्तर पर निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सर्वे दलों द्वारा घर-घर पहुंचकर हितग्राहियों की जानकारी संकलित करने की प्रक्रिया का अवलोकन किया तथा सर्वे की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने सर्वे दलों से कहा कि सर्वे कार्य पूरी सटीकता, पारदर्शिता एवं समयबद्धता के साथ पूर्ण करें, ताकि कोई भी पात्र हितग्राही शासन की योजनाओं से वंचित न रहे।
कलेक्टर ने सर्वे दलों से चर्चा कर जानकारी दर्ज करने की प्रक्रिया का अवलोकन करते हुए प्रत्येक परिवार की जानकारी त्रुटिरहित ढंग से दर्ज करने को कहा। उन्होंने कहा कि सर्वे केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि पात्र हितग्राहियों तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम है। इसलिए प्रत्येक घर तक पहुंचकर पूरी जिम्मेदारी के साथ सर्वे कार्य करें।
इस अभियान अंतर्गत सुशासन को जन-जन तक पहुंचाना तथा पात्र हितग्राहियों को 31 प्रमुख जनकल्याणकारी योजनाओं में शत-प्रतिशत संतृप्तिकरण सुनिश्चित करना है। अभियान के माध्यम से सामाजिक सुरक्षा, आवास, रोजगार, खाद्य सुरक्षा, स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, कृषि, कौशल विकास तथा अन्य बुनियादी नागरिक सेवाओं से जुड़ी योजनाओं के पात्र हितग्राहियों की पहचान कर उन्हें योजनाओं का लाभ सुनिश्चित किया जाएगा।
कलेक्टर ने कहा कि सुघ्घर छत्तीसगढ़ अभियान का मूल उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी पात्र परिवार को शासन की योजनाओं का लाभ प्राप्त करने के लिए भटकना न पड़े। प्रशासन स्वयं उनके द्वार तक पहुंचे, उनकी पात्रता का सत्यापन करे और उन्हें आवश्यक योजनाओं से जोड़े। उन्होंने सर्वे कार्य की गुणवत्ता बनाए रखने तथा निर्धारित समयावधि के भीतर सभी परिवारों का भी सर्वे करने के निर्देश दिए।











