

जशपुर: सड़क दुर्घटनाओं में घायलों की समय पर मदद कर उनकी जान बचाने वाले दो गुड सेमेरिटन (सद्भावी) नागरिकों को जशपुर पुलिस ने सम्मानित किया। डीआईजी एवं एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने प्रियांश भगत और श्रवण कुमार भगत को प्रशस्ति पत्र एवं हेलमेट भेंट कर सम्मानित किया। साथ ही भारत सरकार की राह-वीर योजना के तहत दोनों को 25-25 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि भी प्रदान की गई।
जशपुर पुलिस ने बताया कि सड़क दुर्घटना में घायलों की तत्काल सहायता करने वाले नागरिकों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से यह सम्मान दिया गया। केंद्र सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की राह-वीर (गुड सेमेरिटन) योजना के तहत दुर्घटना के बाद के 'गोल्डन आवर में गंभीर घायल को अस्पताल या ट्रॉमा सेंटर पहुंचाने वाले व्यक्ति को 25 हजार रुपये और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जाता है।
जानकारी के अनुसार, प्रियांश भगत ने 10 फरवरी 2026 को ग्राम आटापाठ के पास सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को तत्काल अस्पताल पहुंचाकर उसकी जान बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। वहीं श्रवण कुमार भगत ने 31 जनवरी 2026 को एनएच-43 पर हुए सड़क हादसे में घायल दो लोगों को समय रहते अस्पताल पहुंचाकर मानवता की मिसाल पेश की थी।
इस अवसर पर डीआईजी एवं एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि सड़क दुर्घटना के बाद का पहला घंटा यानी गोल्डन आवर' सबसे महत्वपूर्ण होता है। यदि घायल को समय पर उपचार मिल जाए तो उसकी जान बचाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि ऐसे जागरूक और संवेदनशील नागरिक समाज के लिए प्रेरणा हैं। जशपुर पुलिस ने आमजन से अपील की कि सड़क दुर्घटना होने पर बिना किसी डर के घायलों की मदद करें। उन्होंने बताया कि गुड सेमेरिटन नागरिकों को कानून का संरक्षण प्राप्त है और उनकी मानवीय पहल को शासन द्वारा सम्मानित एवं प्रोत्साहित भी किया जाता है।











