

दिल्ली : पश्चिम एशिया में जारी तनाव और वैश्विक ईंधन संकट का असर अब भारत के बाजार में साफ दिखाई देने लगा है। तेल कंपनियों ने लगातार पांचवें दिन पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी कर दी है। मंगलवार सुबह छह बजे से नई दरें लागू होते ही आम लोगों, वाहन चालकों और ट्रांसपोर्ट कारोबार से जुड़े लोगों की चिंता और बढ़ गई है।
एक झटके में फिर बढ़े दाम
ताजा संशोधन के तहत पेट्रोल की कीमत में 87 पैसे प्रति लीटर और डीजल में 91 पैसे प्रति लीटर की वृद्धि की गई है। नई दर लागू होने के बाद ग्रेटर नोएडा में पेट्रोल 98.63 रुपये प्रति लीटर और डीजल 91.93 रुपये प्रति लीटर पहुंच गया है।इससे पहले शुक्रवार को भी तेल कंपनियों ने बड़ा झटका देते हुए पेट्रोल और डीजल दोनों के दाम में तीन-तीन रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की थी। लगातार बढ़ती कीमतों ने लोगों के घरेलू बजट को प्रभावित करना शुरू कर दिया है।
सीएनजी भी नहीं रही सस्ती
ईंधन संकट का असर केवल पेट्रोल और डीजल तक सीमित नहीं है। सीएनजी उपभोक्ताओं को भी लगातार महंगाई का सामना करना पड़ रहा है। शुक्रवार को सीएनजी के दाम में तीन रुपये प्रति किलो की बढ़ोतरी हुई थी, जबकि सोमवार को इसमें फिर एक रुपये प्रति किलो का इजाफा कर दिया गया।अब ग्रेटर नोएडा में सीएनजी की नई कीमत 89.70 रुपये प्रति किलो पहुंच गई है। लगातार बढ़ते दामों से ऑटो और टैक्सी चालकों की परेशानी बढ़ती जा रही है।
ऑटो और कैब चालकों की कमाई पर असर
शहर में चलने वाले हजारों ऑटो, टैक्सी और कैब चालकों का कहना है कि ईंधन महंगा होने से उनका मासिक खर्च कई हजार रुपये तक बढ़ गया है। उनका कहना है कि किराया बढ़ाने पर यात्रियों की संख्या घट जाती है, जबकि पुरानी दर पर काम करने से बचत लगभग खत्म हो रही है।माल ढुलाई से जुड़े कारोबारियों ने भी चिंता जताई है। उनका कहना है कि डीजल महंगा होने से ट्रांसपोर्ट लागत तेजी से बढ़ रही है, जिसका सीधा असर बाजार पर पड़ेगा।
महंगाई की नई लहर का खतरा
आर्थिक विशेषज्ञों का मानना है कि ईंधन की लगातार बढ़ती कीमतें अब रोजमर्रा की जरूरत की वस्तुओं को भी महंगा कर सकती हैं। ट्रांसपोर्ट खर्च बढ़ने से फल, सब्जी, राशन और अन्य सामानों की कीमतों में तेजी आने की आशंका जताई जा रही है।विशेषज्ञों के अनुसार यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में जल्द राहत नहीं मिली, तो आने वाले दिनों में आम लोगों पर महंगाई का दबाव और बढ़ सकता है।





















