पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव के एक बयान पर सियासी माहौल गरमाने के बाद मध्य प्रदेश की वरिष्ठ नेता उषा ठाकुर ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने महिलाओं को लेकर दिए गए बयान को गंभीर बताते हुए कड़े शब्दों में विरोध जताया, जिससे एक बार फिर वह चर्चा के केंद्र में आ गईं।

इंदौर से उठी राजनीतिक पहचान, शिक्षा में भी रहीं आगे
उषा ठाकुर का जन्म 3 फरवरी 1966 को इंदौर में हुआ। पढ़ाई के क्षेत्र में भी उन्होंने अपनी अलग पहचान बनाई और एमए, एमएड तथा एमफिल जैसी उच्च डिग्रियां हासिल कीं। शुरुआती दौर में उन्होंने संघ से जुड़कर सामाजिक और वैचारिक काम किया, जिससे उनकी राजनीतिक नींव मजबूत हुई।

दो दशकों से सक्रिय राजनीति, लगातार जीत का सिलसिला
करीब 20 साल से अधिक समय से सक्रिय राजनीति में मौजूद उषा ठाकुर ने पहली बार 2003 में विधानसभा चुनाव जीतकर अपनी राजनीतिक यात्रा की शुरुआत की। इसके बाद 2013 से लगातार विधायक के रूप में जनता का भरोसा हासिल करती आ रही हैं। वर्तमान में वह इंदौर की महू विधानसभा सीट का प्रतिनिधित्व करती हैं।

शिवराज सरकार में मंत्री पद, अहम विभागों की जिम्मेदारी
शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व वाली सरकार में उन्हें मंत्री बनाया गया था। वर्ष 2020 में उन्हें पर्यटन, संस्कृति और धार्मिक न्यास जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी सौंपी गई थी, जहां उन्होंने सक्रिय भूमिका निभाई।

2023 के बाद बदला समीकरण, मंत्रिमंडल में नहीं मिली जगह
मध्य प्रदेश में 2023 के विधानसभा चुनाव के बाद सत्ता में बदलाव हुआ और मोहन यादव के नेतृत्व में नई सरकार बनी। इस बार उषा ठाकुर को मंत्रिमंडल में शामिल नहीं किया गया, हालांकि वह विधायक के रूप में सक्रिय बनी हुई हैं।

बयानों से पहचान, मुद्दों पर खुलकर रखती हैं राय
उषा ठाकुर अपनी बेबाक शैली और सख्त बयानों के लिए जानी जाती हैं। सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर वह खुलकर अपनी राय रखती हैं, जिसके चलते अक्सर मीडिया और राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बनी रहती हैं।

Leave a reply

Please enter your name here
Please enter your comment!