SC on Meenakshi Natarajan Hearing: मध्य प्रदेश से  राज्यसभा सीट के लिए मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रिटर्निंग ऑफिसर ने रद्द कर द‍िया था.  इस फैसले के खिलाफ कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी. हालांकि यहां से नटराजन और कांग्रेस दोनों को ही झटका लगा है. इस मामले पर कोर्ट शुक्रवार को सुनाई करेगा. कांग्रेस के वकील अभिषेक मनु सिंघवी की तरफ से कहा गया कि इस तरह के मामले पर आज ही सुनवाई की जरूरत है. ऐसा इसलिए क्योंकि नामांकन वापसी के लिए शाम चार बजे तक का ही समय है.

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को सुनवाई से इनकार कर दिया और कहा कि कल आइएगा, कल सुनवाई करेंगे. मीनाक्षी की याचिका को जस्टिस प्रशांत कुमार की अध्यक्षता वाली दो सदस्यीय पीठ के समक्ष मेंशन किया गया. अब कोर्ट के आदेश के बाद साफ है कि अब सुनवाई शुक्रवार को ही की जाएगी.

कांग्रेस ने अपनी याचिका में रिटर्निंग ऑफिसर की तरफ से नामांकन रद्द करने के आदेश पर रोक लगाने की मांग की गई है. वकील  अभिषेक मनु सिंघवी ने बेंच से पूरे मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है. जिसमें उन्‍होंने  आरपी एक्ट के सेक्शन 33A का हवाला दिया. इसी के तहत राहत की मांग की है.  

आधी रात को दायर की गई थी याचिका

कांग्रेस ने नामांकन पत्र रद्द किए जाने के बाद  बुधवार-गुरुवार की दरमियानी रात 1 बजकर 48 मिनट पर डिजिटल माध्यम से दायर की थी. इसके साथ ही इस मामले पर तुरंत सुनवाई की मांग की गई थी. इस याचिका में कांग्रेस ने आरोप लगाया था कि रिटर्निंग ऑफिसर ने गैर-कानूनी, मनमाने और पक्षपातपूर्ण तरीके से फैसला किया है. इस तरह के फैसले को तत्काल प्रभाव से रद्द किया जाए.  

किस वजह से हुआ था नामांकन रद्द?

इस विवाद की जड़ 2022 में तेलंगाना से जुड़े एक मामले से है. एक महिला ने कांग्रेस नेता के. शिवा कुमार रेड्डी पर छेड़छाड़, यौन उत्पीड़न और धमकी के आरोप लगाए थे. महिला का दावा था कि उसने इस संबंध में कांग्रेस नेतृत्व और तत्कालीन तेलंगाना प्रभारी मीनाक्षी नटराजन को भी शिकायत दी थी. इसी मामले को मीनाक्षी नटराजन ने छुपाया है. बीजेपी ने इसी पर आपत्ति दर्ज कराई थी.

Leave a reply

Please enter your name here
Please enter your comment!