

छत्तीसगढ़: पेट्रोल और डीजल की कमी को लेकर फैली अफवाहों के बीच राज्य सरकार और प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। सरकार ने साफ कर दिया है कि प्रदेश में ईंधन की कोई कमी नहीं है और सप्लाई व्यवस्था पूरी तरह सामान्य बनी हुई है।
मंत्री का स्पष्ट संदेश: पर्याप्त स्टॉक मौजूद, घबराने की जरूरत नहीं
खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने स्थिति पर स्पष्ट बयान देते हुए कहा कि राज्य में पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि जनता को किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान नहीं देना चाहिए।
मंत्री ने यह भी चेतावनी दी कि अगर कोई व्यक्ति या समूह कालाबाजारी या जमाखोरी करता पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
रायपुर में प्रशासन की सक्रियता, पेट्रोल पंप संचालकों के साथ बैठक
राजधानी रायपुर में कलेक्टर ने पेट्रोल पंप संचालकों और पेट्रोलियम संघ के पदाधिकारियों के साथ बैठक कर स्थिति की समीक्षा की। बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि शहर में ईंधन की कोई कमी नहीं है, लेकिन अफवाहों के कारण कुछ स्थानों पर लोगों की भीड़ बढ़ने से अस्थायी दबाव बना है।
प्रशासन ने बताया कि तेल कंपनियों के टैंकरों को 24 घंटे शहर में प्रवेश की अनुमति दी गई है, ताकि सप्लाई बाधित न हो।
दो से तीन दिन में स्थिति सामान्य होने की उम्मीद
अधिकारियों के अनुसार ईंधन की आपूर्ति बढ़ा दी गई है और अगले दो से तीन दिनों में स्थिति पूरी तरह सामान्य हो जाएगी। प्रशासन लगातार पेट्रोल पंपों की निगरानी कर रहा है ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था न हो।
सभी जिलों को विशेष निर्देश, निगरानी और कार्रवाई तेज
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग ने प्रदेश के सभी जिलों के कलेक्टरों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। इनमें शामिल हैं—
- सभी पेट्रोल पंपों की दैनिक समीक्षा
- ईंधन की आवक और वितरण पर निगरानी
- जमाखोरी और कालाबाजारी पर संयुक्त कार्रवाई
- उपभोक्ताओं के लिए हेल्पलाइन व्यवस्था





















