

बलरामपुर/राजपुर। बलरामपुर जिले के राजपुर थाना परिसर में रहने वाले एक आरक्षक की मौत हो गई। घटना के बाद पूरे थाना परिसर में शोक का माहौल है। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है तथा मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए पोस्टमार्टम कराया जा रहा है।

राजपुर थाना प्रभारी भारद्वाज सिंह ने बताया कि आरक्षक जुगन साय पैकरा थाना परिसर में बने शासकीय क्वार्टर में रहते थे। शुक्रवार रात लगभग 9 बजे वह अपने कमरे में सोने चले गए थे। शनिवार सुबह काफी देर तक कमरे से बाहर नहीं निकलने पर साथियों ने उन्हें आवाज लगाई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद दरवाजा खोलकर देखा गया तो वह लेटा पड़ा हुआ था, बोलचाल बंद था,शरीर ठंडा पड़ चुका था, शरीर को छू कर देखे तो ठंडा पड़ चुका था, उनकी मृत्यु हो चुकी थी।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आरक्षक जुगन साय पैकरा कुछ माह पूर्व पीलिया (जॉन्डिस) से पीड़ित हुए थे। उपचार के बाद वह पूरी तरह स्वस्थ होकर दोबारा अपनी नियमित ड्यूटी कर रहे थे। ऐसे में उनकी अचानक हुई मौत ने पुलिस विभाग और उनके परिजनों को गहरे सदमे में डाल दिया है।
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि उनकी मौत किसी बीमारी के कारण हुई है या इसके पीछे कोई अन्य वजह है। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए हैं और मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। फिलहाल मर्ग कायम कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। आरक्षक के असामयिक निधन से राजपुर थाना परिसर में शोक की लहर है और पुलिस विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी अपने साथी को नम आंखों से श्रद्धांजलि दे रहे हैं।





















