
अंतरराष्ट्रीय कथावाचिका प्राची देवी के श्रीमुख से रामकथा का हो रहा रसपान, नौ दिवसीय आयोजन में आसपास के गांवों से पहुंच रहे श्रद्धालु
सूरजपुर/रामनगर: सूरजपुर जिले के रामनगर में आयोजित नौ दिवसीय श्रीराम कथा महोत्सव में इन दिनों भक्ति और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। अंतरराष्ट्रीय कथावाचिका पूज्य प्राची देवी ने श्रीरामचरितमानस के अरण्य कांड एवं किष्किंधा कांड के प्रसंगों का संगीतमय एवं भावपूर्ण वर्णन कर श्रद्धालुओं को भक्तिरस में सराबोर किया।

कथा के दौरान भगवान श्रीराम के वनवास, माता सीता के हरण, प्रभु श्रीराम की भक्ति, हनुमान जी से मिलन और सुग्रीव से मित्रता जैसे महत्वपूर्ण प्रसंगों का वर्णन किया गया। कथावाचिका ने इन प्रसंगों के माध्यम से धर्म, मर्यादा, मित्रता, सेवा, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा का संदेश दिया। भजनों और संगीतमय प्रस्तुतियों के बीच श्रद्धालु भावविभोर नजर आए।
श्रीराम कथा महोत्सव में प्रतिदिन कई हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। रामनगर सहित रामपुर, सरस्वतीपुर, रुनियाडीह साहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में महिला, पुरुष, युवा एवं बुजुर्ग कथा श्रवण के लिए शामिल हो रहे हैं। कथा स्थल पर प्रतिदिन श्रद्धालुओं की बढ़ती उपस्थिति आयोजन की भव्यता और लोगों की धार्मिक आस्था को दर्शा रही है।

इस महोत्सव की विशेष व्यवस्था के तहत राधा-कृष्ण सेवा समिति द्वारा प्रतिदिन रात्रि में भव्य भंडारा एवं प्रसाद वितरण कराया जा रहा है। इसमें प्रतिदिन हजारों श्रद्धालु शामिल होकर प्रसाद ग्रहण कर रहे हैं। समिति के सदस्यों एवं सहयोगियों द्वारा श्रद्धालुओं के लिए भोजन और प्रसाद की व्यवस्था की जा रही है। कथा श्रवण के साथ भंडारे में बड़ी संख्या में लोगों की सहभागिता आयोजन को सेवा और समर्पण का स्वरूप प्रदान कर रही है।
उल्लेखनीय है कि राधा-कृष्ण सेवा समिति के तत्वावधान में आयोजित श्रीराम कथा महोत्सव का शुभारंभ 26 अक्टूबर को भव्य कलश यात्रा के साथ हुआ था। रामनगर मिनी स्टेडियम से निकली कलश यात्रा रुनियाडीह स्थित रेड नदी एवं नर्मदेश्वर शिव मंदिर तक पहुंची थी, जहां विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई थी।27 अक्टूबर से 4 नवंबर तक प्रतिदिन शाम 4 बजे से रात्रि 8 बजे तक संगीतमय श्रीराम कथा का आयोजन किया जा रहा है। नौ दिवसीय इस धार्मिक आयोजन का समापन 4 नवंबर को होगा।











