
Doctor Advice Healthy Heart Habit: आज की तेज रफ्तार जिंदगी में हमारी दिनचर्या तेजी से बदल रही है और इसका असर सेहत पर भी दिखाई दे रहा है। लंबे समय तक एक ही जगह बैठकर काम करना, मोबाइल और कंप्यूटर पर लगातार समय बिताना तथा रोजाना पर्याप्त शारीरिक गतिविधि न करना शरीर के लिए परेशानी खड़ी कर सकता है। दूसरी ओर फास्ट फूड और प्रोसेस्ड फूड का बढ़ता सेवन भी स्वास्थ्य से जुड़ी कई समस्याओं को बढ़ावा दे रहा है।यही वजह है कि कम उम्र में भी मोटापा, हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज और बढ़े हुए कोलेस्ट्रॉल जैसी समस्याएं देखने को मिल रही हैं। ऐसे में दिल की सेहत को बेहतर रखने के लिए रोजमर्रा की कुछ आदतों में बदलाव करना बेहद जरूरी हो जाता है।
रोज की दिनचर्या में शारीरिक गतिविधि को दें जगह
डॉ. अमित कुमार मलिक के मुताबिक, दिल को स्वस्थ रखने के लिए नियमित शारीरिक गतिविधि को अपनी लाइफस्टाइल का हिस्सा बनाना चाहिए। इसके लिए हर दिन जिम में कई घंटे बिताना जरूरी नहीं है। अपनी क्षमता के अनुसार 30 से 45 मिनट तक की एक्सरसाइज भी रोज की जा सकती है।इसके लिए पैदल चलना, साइकिल चलाना, तैराकी या अपनी पसंद का कोई खेल बेहतर विकल्प हो सकता है। सबसे जरूरी बात यह है कि शारीरिक गतिविधि आपकी रोज की दिनचर्या का हिस्सा बने और इसे लंबे समय तक जारी रखा जा सके।
कसरत का फायदा केवल वजन कम करने तक सीमित नहीं
कई लोग एक्सरसाइज को सिर्फ वजन घटाने से जोड़कर देखते हैं, जबकि नियमित शारीरिक गतिविधि का महत्व इससे कहीं ज्यादा है। शरीर को सक्रिय रखने के साथ यह संपूर्ण फिटनेस और दिल की सेहत को बनाए रखने में भी अहम भूमिका निभाती है।इसलिए एक्सरसाइज को केवल वजन कम करने का जरिया समझने के बजाय इसे स्वस्थ जीवनशैली की जरूरी आदत के तौर पर अपनाना चाहिए। रोज थोड़ा समय शरीर को सक्रिय रखने के लिए निकालना लंबे समय में आपकी फिटनेस रूटीन को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है।
मुश्किल एक्सरसाइज नहीं, नियमित अभ्यास है ज्यादा जरूरी
फिटनेस के लिए सबसे कठिन एक्सरसाइज करना ही जरूरी नहीं है। ज्यादा महत्वपूर्ण यह है कि आप जिस गतिविधि को चुन रहे हैं, उसे नियमित रूप से कर पाएं। ऐसी शारीरिक गतिविधि चुनना बेहतर है जिसे आपकी दिनचर्या और क्षमता के अनुसार लंबे समय तक जारी रखा जा सके।अगर किसी व्यक्ति को तेज वर्कआउट पसंद नहीं है तो वह रोज पैदल चलने से शुरुआत कर सकता है। धीरे धीरे अपनी क्षमता के अनुसार गतिविधि का समय और स्तर बढ़ाया जा सकता है। इस तरह एक्सरसाइज को बोझ समझने के बजाय रोजमर्रा की आदत बनाना आसान हो सकता है।
दिल की सेहत के लिए छोटी आदतों से करें बड़ी शुरुआत
दिल को स्वस्थ रखने के लिए जीवनशैली में एक साथ बड़े बदलाव करने के बजाय छोटी और टिकाऊ आदतों से शुरुआत की जा सकती है। नियमित शारीरिक गतिविधि, एक्टिव दिनचर्या और अपनी क्षमता के अनुसार लगातार व्यायाम स्वस्थ जीवनशैली की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हो सकते हैं।




















