
रायपुर। राजधानी रायपुर के मंदिर हसौद थाना क्षेत्र में सोमवार सुबह एक बेहद संवेदनशील मामला सामने आया। मोनेट रोड स्थित चिरकुटहीन माता मंदिर के पास करीब 10 दिन का नवजात शिशु लावारिस हालत में मिला। सुबह की सैर और आवाजाही के बीच जब लोगों की नजर मासूम पर पड़ी तो इसकी सूचना पुलिस को दी गई।प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, नवजात को किसी अज्ञात व्यक्ति ने वहां छोड़ दिया था। बच्चा मिलने के बाद पुलिस ने तत्काल उसे अपनी सुरक्षा में लिया। मासूम के जन्म के बाद उसे इस तरह अकेला छोड़ने की वजह क्या थी, फिलहाल इसका पता नहीं चल सका है।
डायल-112 टीम ने तत्काल अस्पताल पहुंचाया
पुलिस के अनुसार 24 अगस्त को सुबह करीब 6:37 बजे डायल-112 को सूचना मिली कि चिरकुटहीन माता मंदिर के पास एक नवजात शिशु लावारिस अवस्था में पड़ा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम बिना देरी किए मौके पर पहुंची।टीम ने करीब 10 दिन के बच्चे को सुरक्षित अपने वाहन में लिया और तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, मंदिर हसौद पहुंचाया। अस्पताल में डॉक्टरों ने नवजात की जांच की, जिसके बाद उसे शिशु वार्ड में भर्ती कर लिया गया।फिलहाल मासूम चिकित्सकीय निगरानी में है और अस्पताल में उसकी आवश्यक देखभाल की जा रही है।
पुलिसकर्मियों की तत्परता से सुरक्षित हुई मासूम की जिंदगी
इस पूरी कार्रवाई में मंदिर हसौद टाइगर वन के पुलिसकर्मी आर. राजेश यादव और वाहन चालक टिकेंद्र साहू की महत्वपूर्ण भूमिका रही। सूचना मिलने के बाद टीम ने मौके पर पहुंचकर बच्चे को सुरक्षित किया और समय गंवाए बिना अस्पताल पहुंचाया।पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई ने एक असहाय नवजात को समय पर चिकित्सा और सुरक्षा उपलब्ध कराई।
अब सामने आएगा बच्चे को छोड़ने वाला कौन
नवजात को किसने और किन परिस्थितियों में मंदिर के पास छोड़ा, पुलिस इसकी जांच कर रही है। बच्चे को छोड़ने वाले व्यक्ति की पहचान के लिए आसपास के इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है।पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि नवजात को वहां कब लाया गया और उसके पीछे कौन लोग हैं। बच्चे के परिजनों तक पहुंचने के लिए आसपास के क्षेत्र में भी जानकारी जुटाई जा रही है।फिलहाल सबसे अहम बात यह है कि करीब 10 दिन का मासूम अब सुरक्षित है और अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में उसकी देखभाल की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि बच्चे को वहां छोड़ने की वास्तविक वजह क्या थी और इस घटना के लिए कौन जिम्मेदार है।




















