

MP News: लगातार हो रही बारिश और भूस्खलन ने अमरनाथ यात्रा की रफ्तार थाम दी है। पिछले 48 घंटे से सुरक्षा कारणों के चलते पहलगाम और बालटाल, दोनों प्रमुख मार्गों पर आवाजाही बंद कर दी गई है। इसके चलते देशभर से पहुंचे हजारों श्रद्धालु जम्मू और कटरा में रुके हुए हैं। इनमें भोपाल के 300 से अधिक श्रद्धालु भी शामिल हैं, जो यात्रा दोबारा शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं।
भोपाल से गए कई जत्थे बीच रास्ते में रुके
खराब मौसम का असर भोपाल से रवाना हुए श्रद्धालुओं पर भी पड़ा है। ओम शिव शक्ति सेवा मंडल के सचिव रिंकू भटेजा ने बताया कि मंडल का 11वां जत्था 15 जुलाई और 12वां जत्था 17 जुलाई को अमरनाथ यात्रा के लिए निकला था। लेकिन मार्ग बंद होने की वजह से दोनों जत्थे अभी तक पवित्र गुफा तक नहीं पहुंच पाए हैं।
रहने और खाने की व्यवस्था बनी चुनौती
जम्मू और कटरा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने से होटल और धर्मशालाओं पर अतिरिक्त दबाव बन गया है। महंगे किराए के कारण कई श्रद्धालु होम स्टे का विकल्प चुन रहे हैं, जबकि भोजन के लिए बड़ी संख्या में लोग लंगरों पर निर्भर हैं।
श्रद्धालु अशोक यादव और राजेंद्र कुमार ने बताया कि वे फिलहाल होम स्टे में ठहरे हुए हैं। वहीं राजेश जायसवाल ने जानकारी दी कि वह अपने 12 साथियों के साथ जम्मू की एक निजी धर्मशाला में रुके हैं और यात्रा शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं।
मौसम सुधरने के बाद ही आगे बढ़ेगी यात्रा
सोमवार को भी मौसम अनुकूल नहीं होने के कारण यात्रा सामान्य रूप से शुरू नहीं हो सकी। हालांकि बालटाल मार्ग पर गुफा के नजदीक पहले से मौजूद कुछ श्रद्धालुओं को आगे बढ़ने की अनुमति दी गई। बाकी सभी यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर रोका गया है।
प्रशासन की लगातार निगरानी
प्रशासन मौसम और मार्ग की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। अधिकारियों का कहना है कि जैसे ही हालात सुरक्षित होंगे, चरणबद्ध तरीके से यात्रा दोबारा शुरू कराई जाएगी। तब तक श्रद्धालुओं से धैर्य बनाए रखने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।











