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बलरामपुर: कलेक्टर  चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन एवं सतत निगरानी में जिले में स्कूली बच्चों के आधार कार्ड के मैंडेटरी बायोमेट्रिक अपडेट (एमबीयू) का विशेष अभियान प्रभावी ढंग से संचालित किया जा रहा है। जिला प्रशासन की सक्रिय पहल और विभागीय समन्वय के परिणामस्वरूप अब तक जिले के 33 हजार 328 बच्चों का आधार बायोमेट्रिक अपडेट किया जा चुका है, जो निर्धारित लक्ष्य का 95.91 प्रतिशत है। अभियान का उद्देश्य बच्चों की आधार संबंधी जानकारी को अद्यतन कर उन्हें छात्रवृत्ति, शिक्षा, बैंकिंग तथा विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ सुगमता से उपलब्ध कराना है।

राज्य शासन एवं भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) के निर्देशानुसार जिले के सभी विकासखंडों में विशेष शिविर आयोजित एमबीयू के कार्य किया जा रहा है। कलेक्टर श्रीमती त्रिपाठी के द्वारा नियमित रूप से अभियान की समीक्षा की जा रही हैं तथा अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि कोई भी पात्र बच्चा वंचित न रहे।

माह अक्टूबर 2025 से लेकर वर्तमान तक जिले के विद्यालयों में आधार ऑपरेटरों द्वारा विशेष शिविर लगाकर एमबीयू का कार्य किया जा रहा है। अब तक जिले में कुल 2089 शिविर आयोजित किए जा चुके हैं, जिनमें 37 आधार ऑपरेटरों की टीम ने 33 हजार 328 बच्चों का मैंडेटरी बायोमेट्रिक अपडेट किया है। जिला प्रशासन की सतत मॉनिटरिंग एवं सुनियोजित कार्ययोजना के कारण अभियान को लगातार सफलता मिल रही है।

कलेक्टर  चंदन संजय त्रिपाठी के निर्देशानुसार शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग तथा आधार ऑपरेटरों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर अभियान को  गति दी गई है। विशेष रूप से मई माह में युद्धस्तर पर कार्य करते हुए एक माह में ही 7 हजार 612 बच्चों का एमबीयू किया गया।

यूआईडीएआई के दिशा-निर्देशों के अनुसार मैंडेटरी बायोमेट्रिक अपडेट दो चरणों में कराया जाता है। पहला अपडेट बच्चे की आयु 5 से 15 वर्ष के बीच तथा दूसरा अपडेट 15 से 17 वर्ष की आयु के बीच कराया जाना आवश्यक है। यह प्रक्रिया बच्चों की पहचान संबंधी जानकारी को अद्यतन एवं प्रमाणिक बनाए रखने के लिए अनिवार्य है। यूआईडीएआई के द्वारा 30 सितम्बर 2026 तक यह सुविधा निःशुल्क उपलब्ध कराई गई है। निर्धारित अवधि के बाद एमबीयू कराने पर 125 रुपये का शुल्क देय होगा।

कलेक्टर श्रीमती त्रिपाठी ने जिले के सभी अभिभावकों से अपील की है कि जिन बच्चों का अभी तक मैंडेटरी बायोमेट्रिक अपडेट नहीं हुआ है, वे 30 सितम्बर 2026 से पूर्व अपने नजदीकी आधार सेवा केन्द्र अथवा आयोजित विशेष शिविर में पहुंचकर यह कार्य अवश्य करा लें। उन्होंने कहा कि आधार की अद्यतन जानकारी बच्चों के भविष्य से जुड़ी अनेक सेवाओं और योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। जिला प्रशासन का लक्ष्य है कि जिले का कोई भी पात्र बच्चा इस सुविधा से वंचित न रहे तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर शत-प्रतिशत एमबीयू का लक्ष्य हासिल किया जा सके।

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