

बलरामपुर। बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के ग्राम पंचायत भेलवाडीह स्थित 100 सीटर केंद्रीय पहाड़ी कोरवा बालिका आवासीय विद्यालय में कथित अनियमित नियुक्तियों, मजदूर शोषण एवं भुगतान संबंधी शिकायतों को लेकर अंतराष्ट्रीय मानवाधिकार फाउंडेशन द्वारा सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग को लिखित शिकायत सौंपकर पूरे मामले की जांच की मांग की गई है। शिकायत में नियुक्तियों से लेकर मजदूरों के भुगतान और कार्य व्यवस्था तक कई गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
संस्था के जिलाध्यक्ष बलरामपुर एवं सरगुजा संभाग प्रभारी सुदामा राजवाड़े ने शिकायत में उल्लेख किया है कि विद्यालय में पदस्थ अधीक्षिका सफुला टोप्पो के परिवार के सदस्यों की भी उसी विद्यालय में नियुक्ति होने की बात सामने आई है। शिकायत के अनुसार उनका पुत्र शिक्षक के पद पर तथा दामाद क्लर्क (बाबू) के पद पर कार्यरत है। साथ ही अधीक्षिका स्वयं कई वर्षों से प्रभारी प्रधान पाठक का दायित्व भी निभा रही हैं। संस्था ने मांग की है कि संबंधित सभी नियुक्तियों की शासन द्वारा निर्धारित सेटअप एवं नियमों के तहत जांच कराई जाए।

शिकायत में यह भी कहा गया है कि विद्यालय में केवल तीन दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों से साफ-सफाई, बर्तन धुलाई एवं भोजन बनाने जैसे कई प्रकार के कार्य कराए जा रहे हैं। विरोध करने पर नौकरी से निकालने की धमकी दिए जाने तथा कई दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को कार्य से हटाए जाने का भी आरोप लगाया गया है। संस्था का कहना है कि यदि यह शिकायत सही पाई जाती है, तो यह मजदूर हितों एवं मानवाधिकारों का गंभीर उल्लंघन माना जाएगा।
मजदूरी भुगतान को लेकर भी गंभीर सवाल उठाए गए हैं। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि शासन के नियमानुसार मजदूरों को ऑनलाइन माध्यम से भुगतान किए जाने के बजाय अधीक्षिका द्वारा अपने व्यक्तिगत खाते से भुगतान किया जा रहा है। साथ ही मजदूरों को मिलने वाली “सह सम्मान निधि” राशि आज तक प्राप्त नहीं होने की बात भी कही गई है। संस्था ने पात्र मजदूरों को देय राशि उपलब्ध कराने की मांग की है।
अंतराष्ट्रीय मानवाधिकार फाउंडेशन ने सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई करने की मांग की है। संस्था का कहना है कि यदि शिकायतों की पुष्टि होती है तो यह शासन के नियमों, वित्तीय प्रावधानों, मजदूर अधिकारों एवं मानवाधिकारों के उल्लंघन का गंभीर मामला होगा।
सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग समीक्षा जायसवाल ने संचार टुडे सीजीएमपी न्यूज से चर्चा में कहा कि नियुक्ति संबंधी शिकायत के मामले में यह जानकारी उपलब्ध नहीं है कि गेस्ट शिक्षक किस प्रावधान के तहत रखे गए हैं। उन्होंने कहा कि संबंधित संस्था से इस संबंध में स्पष्टीकरण मांगा जाएगा।वहीं मजदूरी भुगतान के मामले में उन्होंने कहा कि संबंधित विद्यालय एक अलग संस्था के अंतर्गत संचालित होता है, जिसके लिए अलग से आवंटन जारी किया जाता है। मजदूरों को भुगतान किस प्रक्रिया से किया गया, इस संबंध में प्राचार्य से स्पष्टीकरण लिया जाएगा।मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी।





















