

इंदौर : जिले के Mhow में B. R. Ambedkar की 135वीं जयंती पर हजारों की संख्या में अनुयायी जुटे। सुबह से ही लोग अपने परिवार के साथ बाबा साहेब को श्रद्धांजलि देने पहुंचे और इस ऐतिहासिक अवसर को यादगार बनाने के लिए तस्वीरें भी खिंचवा रहे थे।
अचानक बदला माहौल, पुलिस के रवैये पर सवाल
श्रद्धा और उत्साह के बीच अचानक स्थिति तनावपूर्ण हो गई। आरोप है कि मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों ने फोटो खींच रहे लोगों को हटाना शुरू कर दिया। इस दौरान कई अनुयायियों के साथ धक्का-मुक्की भी हुई, जिससे वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
नाराज लोगों ने जताया विरोध, लगे नारे
दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं ने इस व्यवहार का विरोध किया और मौके पर ही नारेबाजी शुरू कर दी। उनका कहना था कि वे शांतिपूर्वक दर्शन और सम्मान देने आए थे, लेकिन उनके साथ ऐसा व्यवहार किया गया, जो अनुचित है।
सीएम कार्यक्रम से पहले सख्ती बनी वजह
सूत्रों के मुताबिक, यह विवाद उस समय बढ़ा जब Mohan Yadav के कार्यक्रम से पहले सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा किया जा रहा था। इसी दौरान पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए सख्ती दिखाई।
वीआईपी व्यवस्था पर उठे सवाल, गरिमा बनाम सुरक्षा की बहस
इस घटना के बाद एक बड़ा सवाल खड़ा हो गया है कि क्या वीआईपी सुरक्षा के नाम पर आम लोगों की भावनाओं और गरिमा को नजरअंदाज किया जा सकता है। श्रद्धा के इस आयोजन में हुई इस घटना ने प्रशासनिक व्यवस्था पर बहस छेड़ दी है।

































