

छत्तीसगढ़ : भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों को आखिरकार बड़ी राहत मिल गई है। लंबे इंतजार के बाद 22 जून को मानसून ने प्रदेश में दस्तक दे दी, जिसके साथ ही कई जिलों में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया। राजधानी रायपुर समेत दक्षिण छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में अच्छी बारिश दर्ज की गई, जिससे तापमान में गिरावट आई और लोगों ने राहत की सांस ली। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले पांच दिनों तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी रह सकता है।
रायपुर में सुहाना हुआ मौसम, फिर बारिश के बने आसार
मंगलवार सुबह राजधानी रायपुर का मौसम खुशनुमा रहा। आसमान में बादल छाए रहे और वातावरण में ठंडक महसूस की गई। मौसम विभाग के अनुसार दिनभर बादल बने रहने के साथ हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है। राजधानी में अधिकतम तापमान करीब 36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान लगभग 23 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
इन जिलों में हुई अच्छी बारिश, दक्षिण छत्तीसगढ़ सबसे ज्यादा भीगा
मानसून का सबसे अधिक असर दक्षिण छत्तीसगढ़ में देखने को मिला। बस्तर जिले के जगदलपुर में लगभग 5 सेंटीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई, जबकि नानगुर में 2 सेंटीमीटर पानी बरसा। दंतेवाड़ा जिले के कुआकोंडा में 3 सेंटीमीटर तथा कटेकल्याण और गीदम में 1-1 सेंटीमीटर वर्षा दर्ज की गई। इसके अलावा बलरामपुर में 2 सेंटीमीटर और बीजापुर क्षेत्र के भैरमगढ़ तथा गादीरास में भी 1-1 सेंटीमीटर बारिश हुई।
अगले दो दिन तापमान सामान्य से अधिक, फिर भी बारिश का रहेगा असर
मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश के मध्य हिस्सों में अगले दो दिनों तक तापमान सामान्य से करीब 3 डिग्री सेल्सियस अधिक रह सकता है। हालांकि बारिश की गतिविधियां लगातार जारी रहने से भीषण गर्मी जैसी स्थिति बनने की संभावना कम है।
राजनांदगांव सबसे गर्म, जगदलपुर रहा सबसे ठंडा
सोमवार को प्रदेश का सर्वाधिक अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस राजनांदगांव में दर्ज किया गया। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान 22.7 डिग्री सेल्सियस जगदलपुर में रिकॉर्ड किया गया। अलग-अलग क्षेत्रों में हुई बारिश के कारण तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिला।
अगले 5 दिनों तक बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट
मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि अगले पांच दिनों तक छत्तीसगढ़ के कई जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश, तेज हवाएं और कुछ स्थानों पर मध्यम वर्षा की संभावना बनी रहेगी। ऐसे में लोगों को मौसम को देखते हुए यात्रा और अन्य जरूरी कार्यों की योजना बनाने की सलाह दी गई है। किसानों के लिए भी यह बारिश खरीफ सीजन की तैयारियों के लिहाज से राहत भरी मानी जा रही है।





















