

बिलासपुर: बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) रामगोपाल गर्ग ने बुधवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से रेंज के सभी जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों एवं पुलिस अधीक्षकों की समीक्षा बैठक लेकर कानून-व्यवस्था, लंबित अपराधों और न्यायालयीन मामलों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में विशेष रूप से एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के लंबित मामलों, फरार आरोपियों की गिरफ्तारी, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन शिकायतों के समयबद्ध निराकरण तथा न्यायालयीन समन-वारंटों की तामीली पर सख्त निर्देश दिए गए।
आईजी गर्ग ने एनडीपीएस एक्ट के उन मामलों की समीक्षा की जिनमें आरोपी अब तक गिरफ्तार नहीं हो सके हैं। उन्होंने प्रत्येक जिले को ऐसे मामलों के लिए अलग-अलग कार्ययोजना तैयार कर फरार आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही जिन मामलों में आरोपी की फरारी के दौरान चालान पेश हो चुका है, उनमें न्यायालय से वारंट जारी कराकर उसकी प्रभावी तामीली कराने को कहा।
फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए आईजी ने अंतर्राज्यीय एवं अंतरजिला समन्वय बढ़ाने, नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) के साथ सूचनाएं साझा करने, आरोपियों के बैंक खाते, पैन, आधार और वित्तीय लेन-देन की जांच करने, मोबाइल एवं वाहन संबंधी तकनीकी जानकारी जुटाने तथा NATGRID से प्राप्त सूचनाओं का उपयोग करने के निर्देश दिए। उन्होंने पहले से गिरफ्तार सह-आरोपियों से पूछताछ कर फरार आरोपियों के ठिकानों का पता लगाने पर भी जोर दिया।
बैठक में न्यायालयों द्वारा जारी समन एवं वारंटों की तामीली की भी समीक्षा की गई। आईजी ने गंभीर मामलों में डॉक्टरों और पुलिस अधिकारियों के खिलाफ जारी वारंटों की तामीली में लापरवाही पर नाराजगी जताते हुए सभी पुलिस अधीक्षकों को स्वयं निगरानी कर समय पर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि भविष्य में लापरवाही मिलने पर संबंधित थाना प्रभारी और नोडल अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। साथ ही वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से गवाही की व्यवस्था को भी प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए।
मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में प्राप्त शिकायतों के संबंध में आईजी गर्ग ने कहा कि सभी शिकायतों का निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निराकरण किया जाए। यदि किसी थाना स्तर पर लापरवाही के कारण शिकायत उच्च स्तर तक पहुंचती है तो संबंधित थाना प्रभारी के विरुद्ध कारण बताओ नोटिस जारी कर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक के अंत में आईजी ने सभी पुलिस अधीक्षकों को निर्देशों का स्वयं मॉनिटरिंग करने, कानून-व्यवस्था बनाए रखने, सराफा बाजारों और पिकेट प्वाइंट्स की नियमित जांच जारी रखने तथा अगले माह एनडीपीएस मामलों की दोबारा समीक्षा के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए।
समीक्षा बैठक में बिलासपुर, रायगढ़, मुंगेली, कोरबा, जांजगीर-चांपा, सक्ती, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही एवं सारंगढ़-बिलाईगढ़ सहित रेंज के सभी जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, एएनटीएफ प्रभारी, समन-वारंट शाखा तथा मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के नोडल अधिकारी उपस्थित रहे।










