

रायपुर : में कोयला घोटाले की जांच के दौरान राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो ने बड़ी कार्रवाई की है। जांच में प्रमुख आरोपी आईएएस समीर विश्नोई की करीब 4 करोड़ रुपये मूल्य की 9 अवैध अचल संपत्तियों का पता चला है, जिसके बाद विशेष न्यायालय ने कुर्की का आदेश जारी कर दिया है।
आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज, पहले भी चल रही थी जांच
समीर विश्नोई, जो 2018 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी हैं, के खिलाफ ईओडब्ल्यू ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया है। यह केस कोयला घोटाले से जुड़ी चल रही व्यापक जांच का हिस्सा है।
परिवार और फर्मों के नाम पर संपत्ति अर्जन का आरोप
जांच एजेंसियों के अनुसार, समीर विश्नोई ने अपने परिवार के सदस्यों और विभिन्न फर्मों के नाम पर करोड़ों रुपये की अचल संपत्तियां अर्जित की हैं। जांच में यह भी सामने आया कि संपत्तियां कथित रूप से वैध आय से कई गुना अधिक हैं।
ईडी की पहले की कार्रवाई, 5 संपत्तियां हो चुकी थीं अटैच
इससे पहले प्रवर्तन निदेशालय ने भी कोयला घोटाले की जांच के दौरान समीर विश्नोई की 5 अचल संपत्तियों को अटैच किया था। अब नई जांच में 9 अतिरिक्त संपत्तियों का खुलासा हुआ है, जिसके बाद कुर्की की कार्रवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई है।
विशेष अदालत का आदेश, संपत्तियों की बिक्री पर रोक
विशेष न्यायालय, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम रायपुर ने ईओडब्ल्यू के आवेदन पर संपत्तियों को कुर्क करने का आदेश जारी किया है। इसके साथ ही इन संपत्तियों की बिक्री, हस्तांतरण या किसी भी प्रकार के लेनदेन पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है।
पहले भी हो चुकी है बड़ी कुर्की कार्रवाई
ईओडब्ल्यू की ओर से बताया गया कि इससे पहले सौम्या चौरसिया की अवैध संपत्तियों पर भी न्यायालय के आदेश से कुर्की की कार्रवाई की जा चुकी है। अब अन्य आरोपियों की संपत्तियों की जांच भी जारी है।
जांच तेज, अन्य अधिकारियों पर भी शिकंजा कसने की तैयारी
ब्यूरो के अनुसार, इस मामले में अन्य आरोपित लोक सेवकों की संपत्तियों की भी जांच चल रही है और आगे और कुर्की की कार्रवाई की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
कोयला घोटाला जांच में बढ़ती सख्ती, प्रशासनिक हलकों में हलचल
लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ गई है। जांच एजेंसियां अब इस घोटाले से जुड़े सभी पहलुओं को गहराई से खंगाल रही हैं।

































