

बलरामपुर: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत जिले के 61 हजार 357 किसान हितग्राहियों को 23वीं किस्त के रूप में कुल 12 करोड़ 27 लाख रुपये की राशि सीधे उनके बैंक खातों में अंतरित की गई। राशि प्राप्त होने से किसानों में उत्साह का वातावरण देखा गया।
जनपद पंचायत बलरामपुर के सभाकक्ष में आयोजित जिला स्तरीय कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किसानों ने सहभागिता की। इस अवसर पर किसान एवं जनप्रतिनिधि पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर से आयोजित मुख्य कार्यक्रम में वर्चुअल माध्यम से जुड़े, जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 23वीं किस्त जारी करते हुए देशभर के किसानों को संबोधित किया।
प्रधानमंत्री श्री मोदी ने कहा कि किसान देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और उनकी समृद्धि विकसित भारत के निर्माण की आधारशिला है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार किसानों की आय बढ़ाने, खेती को लाभकारी बनाने तथा आधुनिक कृषि को बढ़ावा देने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। प्रधानमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना किसानों को आर्थिक संबल प्रदान करने वाली महत्वपूर्ण योजना है, जिसके माध्यम से खेती-किसानी के कार्यों के लिए सीधी सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।
प्रधानमंत्री ने किसानों से आधुनिक तकनीकों को अपनाने, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण, फसल विविधीकरण तथा कृषि को अधिक टिकाऊ एवं लाभकारी बनाने की दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सरकार पारदर्शिता, तकनीक आधारित सेवा वितरण और प्रत्यक्ष लाभ अंतरण के माध्यम से योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों द्वारा किसानों को योजना की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्हें बताया गया कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत पात्र किसानों को प्रतिवर्ष 6 हजार रुपये की सहायता राशि तीन समान किस्तों में सीधे उनके बैंक खातों में प्रदान की जाती है। योजना के माध्यम से किसानों को खेती-किसानी की आवश्यकताओं की पूर्ति में सहायता मिल रही है।
बुड्डूडीह के किसान विनेश यादव ने योजना के माध्यम से प्राप्त सहायता राशि को खेती-किसानी के लिए उपयोगी बताते हुए सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में जनपद अध्यक्ष सुमित्रा चेरवा, जनपद सदस्यगण, अपर कलेक्टर आर एस लाल, एसडीएम अभिषेक गुप्ता, उप संचालक कृषि सहित कृषि विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।




















