

Indian Railways: रोजाना करोड़ों भारतीय ट्रेनों में सफर करते हैं और अपने-अपने गंतव्य पर पहुंचते हैं। आमतौर पर देखा जाता है कि ट्रेन में सफर करने वाले यात्री जाने-अनजाने में कई नियमों को तोड़ते हैं। भारतीय रेल ऐसे यात्रियों पर लगातार सख्त कार्रवाई करती आ रही है जो जान-बूझकर नियमों का उल्लंघन करते हैं। इसी कड़ी में भारतीय रेल के पश्चिम रेलवे जोन ने चालू वित्त वर्ष की तीन तिमाहियों (1 अप्रैल से 31 दिसंबर) में बिना टिकट यात्रा करने वाले यात्रियों से 155.46 करोड़ रुपये का भारी-भरकम जुर्माना वसूला है।
पिछले वित्त वर्ष की तुलना में 49 प्रतिशत ज्यादा जुर्माना
पश्चिम रेलवे ने अपने सीनियर अधिकारियों की निगरानी में कई टिकट चेकिंग अभियान चलाए और इस दौरान बड़ी संख्या में बिना टिकट यात्रा करने वाले यात्री पकड़े गए। पश्चिम रेलवे के मुताबिक, चालू वित्त वर्ष की शुरुआती 3 तिमाहियों में वसूला गया 155.46 करोड़ रुपये का जुर्माना, पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में वसूले गए जुर्माने से 49 प्रतिशत ज्यादा है। इस बार 155.46 करोड़ रुपये के जुर्माने में मुंबई उपनगरीय खंड से 41.26 करोड़ रुपये की वसूली भी शामिल है।
सिर्फ दिसंबर में ही 15.54 करोड़ रुपये का हुआ कलेक्शन
पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी विनीत अभिषेक द्वारा जारी एक प्रेस रिलीज के मुताबिक, सिर्फ दिसंबर में ही बिना टिकट/अनियमित यात्रियों, जिनमें बिना बुक किए गए सामान के मामले भी शामिल हैं, 2.51 लाख मामलों की पहचान हुई, जिनसे 15.54 करोड़ रुपये का जुर्माना वसूला गया। ये जुर्माना दिसंबर 2024 की तुलना में लगभग 42 प्रतिशत ज्यादा है।
एसी लोकल में यात्रियों से वसूला गया 2.97 करोड़ रुपये का जुर्माना
पश्चिम रेलवे ने एसी लोकल ट्रेनों में अनधिकृत प्रवेश को रोकने के लिए नियमित रूप से टिकट चेकिंग अभियान चलाए जा रहे हैं। एसी लोकल ट्रेनों में केंद्रित टिकट चेकिंग अभियानों के परिणामस्वरूप अप्रैल से दिसंबर 2025 तक लगभग 91 हजार अनधिकृत यात्रियों को पकड़ा गया और 2.97 करोड़ रुपये का जुर्माना वसूला गया। ये जुर्माना पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि के दौरान वसूले गए जुर्माने से लगभग 97 प्रतिशत ज्यादा है। रेलवे ने यात्रियों से हमेशा उचित और वैध टिकट के साथ यात्रा करने की अपील की है।






















