

अम्बिकेश गुप्ता
कुसमी। चैत पुनी सहरुल महापर्व के पावन अवसर पर हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी मूली पहड़ा उरांव समाज कुसमी द्वारा गुरुवार को धरम मंडा प्रांगण में भव्य आयोजन किया गया। पूरे कार्यक्रम में पारंपरिक उत्साह, सांस्कृतिक रंग और सामाजिक एकजुटता की झलक देखने को मिली।
कार्यक्रम की अध्यक्षता समाज के अध्यक्ष रामचंद्र निकुंज ने की। मुख्य अतिथि के रूप में सामरी विधायक उद्धेश्वरी पैकरा उपस्थित रहीं। वहीं अति विशिष्ट अतिथियों में जिला पंचायत अध्यक्षा हिरामणी निकुंज, जनपद पंचायत कुसमी की अध्यक्ष बसंती भगत, भाजपा मंडल अध्यक्षा शशि टोप्पो, पूर्व विधायक प्रीतम राम, पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष गोवर्धन भगत एवं विनोद राम भुत तथा सरपंच संघ अध्यक्ष संतोष इंजीनियर विशेष रूप से शामिल हुए।
कार्यक्रम की शुरुआत धरम मंडा में पारंपरिक पूजा-अर्चना के साथ की गई। इसके पश्चात आयोजन स्थल से एक भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जो बस स्टैंड से होते हुए मस्जिद पारा मार्ग, शिव चौक से गुजरते हुए पुनः धरम मंडा प्रांगण पहुंची। शोभायात्रा में समाज के लोग पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुए, जिससे वातावरण पूरी तरह उत्सवमय हो गया। शोभायात्रा के उपरांत सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया, जिसमें समाज की बालिकाओं द्वारा मनमोहक प्रस्तुतियां दी गईं। पारंपरिक नृत्य और गीतों ने दर्शकों का मन मोह लिया और पूरे माहौल को जीवंत बना दिया।
इस अवसर पर समाज के प्रतिनिधियों ने मुख्य अतिथि विधायक उद्धेश्वरी पैकरा के समक्ष धरम मंडा प्रांगण के समतलीकरण एवं अहाता निर्माण की मांग रखी। विधायक ने इस मांग पर सकारात्मक रुख दिखाते हुए आश्वासन दिया कि आवश्यक कार्यों को समय-समय पर पूरा कराया जाएगा।
कार्यक्रम के अंत में समाज के वरिष्ठजनों ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया और समाज की एकता एवं परंपराओं को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। सहरुल महापर्व के इस आयोजन ने कुसमी क्षेत्र में सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक विरासत को सशक्त रूप से प्रदर्शित किया। इस दौरान तहसीलदार कुसमी रॉकी एक्का सहित सभी समाज के प्रमुख विशेष रूप से उपस्थित रहें। तथा कार्यक्रम को सफल बनाने में संजीव भगत, गौरव कुजूर, लक्की भगत, विपिन, दीपक, चितरंजन, दिनेश, सोनल, अंशु, अंकित, सुधीर, दिनेश, राहुल, राज, सूरज, मनराज सहित अन्य सैकड़ो युवाओं का अहम योगदान रहा।

































