
Bhopal: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय सह प्रचार प्रमुख प्रदीप जोशी ने युवाओं का आह्वान किया कि वे देश की आंतरिक सुरक्षा एवं सामाजिक चुनौतियों के प्रति जागरूक और सजग रहें. उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा और सामाजिक समरसता को मजबूत करने में युवा शक्ति की सकारात्मक एवं रचनात्मक भूमिका महत्वपूर्ण है.
प्रदीप जोशी NITTTR, भोपाल के सभागार में अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद, मध्य भारत प्रांत एवं पुरुषार्थ सेवा फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित “आंतरिक सुरक्षा, मीडिया एवं नागरिक दायित्व” विषयक विशेष सेमिनार को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे. सेमिनार में देश की आंतरिक सुरक्षा से जुड़े समसामयिक विषयों, बदलते मीडिया एवं सूचना परिदृश्य की चुनौतियों तथा राष्ट्र निर्माण में नागरिकों की भूमिका और दायित्वों पर व्यापक विमर्श हुआ.कार्यक्रम में सुरक्षा विशेषज्ञों, पूर्व सैनिकों, वरिष्ठ पत्रकारों, शिक्षाविदों, अधिवक्ताओं, युवाओं एवं नागरिक समाज से जुड़े प्रबुद्धजनों ने सहभागिता की.
आंतरिक सुरक्षा के विभिन्न आयामों पर चर्चा
आंतरिक सुरक्षा के विभिन्न आयामों पर लेफ्टिनेंट जनरल मानवेन्द्र सिंह, ऋषि कुमार शुक्ला, पूर्व निदेशक, मध्य प्रदेश पुलिस, लेफ्टिनेंट जनरल वी.के. चतुर्वेदी एवं मेजर जनरल टी.पी.एस. रावत ने अपने विचार रखे. वक्ताओं ने देश की आंतरिक सुरक्षा के समक्ष उपस्थित सामरिक एवं समसामयिक चुनौतियों की विस्तार से समीक्षा करते हुए बदलते सुरक्षा परिदृश्य में सतर्कता, समन्वय एवं नागरिक जागरूकता के महत्व को रेखांकित किया.
फेक न्यूज और भ्रामक सूचनाओं पर विमर्श
बदलते सूचना एवं मीडिया परिदृश्य से जुड़े विषयों पर डॉ. लोकेंद्र सिंह, प्राध्यापक, माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय, अखिलेश श्रीवास्तव, चिंतक एवं मीडिया विमर्शकार, ज्ञानेंद्र तिवारी, वरिष्ठ पत्रकार तथा नीरज पांडे, इकाई हेड, हरिभूमि ने विचार व्यक्त किए. फेक न्यूज, भ्रामक सूचनाओं, सूचना के तीव्र प्रसार तथा डिजिटल माध्यमों से उत्पन्न चुनौतियों पर भी चर्चा हुई. वक्ताओं ने मीडिया की जिम्मेदार भूमिका तथा नागरिकों में सूचनाओं को परखने और सत्यापित जानकारी के आधार पर निर्णय लेने की आवश्यकता पर बल दिया.
नागरिक अधिकारों के साथ कर्तव्यों पर जोर
“राष्ट्र निर्माण में नागरिकों की भूमिका एवं दायित्व” विषय पर एम.पी. तिवारी, पूर्व न्यायाधीश, प्रियांक कानूनगो, सदस्य, राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग, भारत सरकार, डॉ. चंद्र चारू त्रिपाठी, निदेशक, राष्ट्रीय तकनीकी शिक्षक प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान, भोपाल तथा अमिताभ सक्सेना, प्राध्यापक, रवीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय ने अपने विचार रखे. वक्ताओं ने नागरिक अधिकारों के साथ नागरिक कर्तव्यों के महत्व को रेखांकित किया.
पूर्व सैनिकों और एनसीसी कैडेट्स ने लिया हिस्सा
सेमिनार में पूर्व सैनिकों के साथ एनसीसी कैडेट्स, संघ, शिक्षा एवं मीडिया जगत से जुड़े प्रतिनिधि, अधिवक्ता तथा मातृशक्ति की सहभागिता रही. प्रतिभागियों ने विभिन्न विषयों पर सक्रिय रूप से विचार-विमर्श में भाग लिया.
आयोजकों ने सहभागियों का आभार जताया
अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद, मध्य भारत प्रांत के अध्यक्ष ब्रिगेडियर शिवेंद्र सिंह एवं पुरुषार्थ सेवा फाउंडेशन के अध्यक्ष डॉ. प्रकाश बढ़तूनिया ने समाज के प्रबुद्ध नागरिकों, पूर्व सैनिकों, मीडिया प्रतिनिधियों एवं युवाओं की सहभागिता के लिए आभार व्यक्त किया तथा कार्यक्रम की सफलता पर सभी सहभागियों को बधाई दी.




















