


CM Yogi Reiterates Unity Slogan: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान राम मंदिर, इतिहास और राष्ट्रीय एकता को लेकर विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के मामले पर उठ रहे सवालों का जवाब देते हुए कहा कि घटना सामने आने के तुरंत बाद विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया और उसकी रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जा रही है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि दोषियों के खिलाफ कठोर कदम उठाए गए हैं और इस मामले में किसी तरह का संदेह नहीं होना चाहिए।
'हम बंटे थे, इसलिए कटे थे' बयान दोहराया
संत ब्रह्मलीन महंत परमहंस रामचंद्र दास जी महाराज की पुण्य स्मृति में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए योगी आदित्यनाथ ने एक बार फिर अपना चर्चित संदेश दोहराया। उन्होंने कहा कि जब समाज एक दिशा और एक उद्देश्य के साथ नहीं चलता, तब उसके गंभीर परिणाम सामने आते हैं। मुख्यमंत्री ने 1947 के विभाजन का उल्लेख करते हुए कहा कि देश का बंटवारा केवल सीमाओं का विभाजन नहीं था, बल्कि उससे समाज को भी गहरी पीड़ा झेलनी पड़ी।
इतिहास से सीख लेने की अपील
मुख्यमंत्री ने संभल और अयोध्या का जिक्र करते हुए कहा कि इतिहास की घटनाओं से सबक लेना जरूरी है। उनका कहना था कि यदि अतीत में समाज पूरी तरह संगठित रहता और समय रहते विरोध करता, तो बाद की कई घटनाओं को रोका जा सकता था। उन्होंने लोगों से इतिहास की गलतियों को दोहराने से बचने और सामाजिक एकजुटता बनाए रखने की अपील की।
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में कार्रवाई जारी
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राम मंदिर में चढ़ावे से जुड़ी अनियमितता सामने आने के बाद सरकार ने तत्काल जांच शुरू कराई। SIT की रिपोर्ट के आधार पर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई है और जांच प्रक्रिया अभी भी जारी है। उन्होंने कहा कि कानून अपना काम कर रहा है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
एकता को सबसे बड़ी ताकत बताया
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि किसी भी समाज की सबसे बड़ी शक्ति उसकी एकता होती है। उन्होंने कहा कि संसाधनों या सामर्थ्य की कमी से ज्यादा नुकसान तब होता है, जब समाज बंट जाता है। इसलिए देश और समाज के उज्ज्वल भविष्य के लिए सभी लोगों को मिलकर आगे बढ़ना चाहिए और राष्ट्रीय एकता को सर्वोच्च प्राथमिकता देनी चाहिए।

















