

रायपुर: जनसंचार शिक्षा और शोध को नई दिशा देने की दिशा में कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय (केटीयू), रायपुर ने बड़ा कदम उठाया है। विश्वविद्यालय में जल्द ही 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' की स्थापना की जाएगी। इस महत्वाकांक्षी पहल के तहत हरियाणा के गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (गुजविप्रौवि), हिसार के साथ अकादमिक सहयोग को लेकर सहमति बनी है।
विश्वविद्यालय के कुलपति मनोज दयाल ने इस संबंध में हिसार का विशेष दौरा कर गुजविप्रौवि के कुलपति नरसी राम बिश्नोई से विस्तृत चर्चा की। बैठक में जनसंचार शिक्षा, शोध और उच्च शिक्षा के क्षेत्र में दीर्घकालिक सहयोग के साथ जनसंचार विभाग में 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' स्थापित करने पर सहमति बनी।बैठक के दौरान दोनों विश्वविद्यालयों के बीच अकादमिक सहयोग, शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार और शोध गतिविधियों को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए विस्तृत मंथन किया गया। इस दौरान जनसंचार शिक्षा के लिए नए रोडमैप पर भी चर्चा हुई, जिसमें अकादमिक विकास, शोध और रणनीतिक पहलुओं को प्राथमिकता दी गई।'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' की स्थापना का उद्देश्य जनसंचार शिक्षा में नवाचार को बढ़ावा देना, वैश्विक मानकों के अनुरूप शिक्षण व्यवस्था विकसित करना तथा विद्यार्थी-केंद्रित और शोध आधारित अध्ययन प्रणाली को मजबूत बनाना है। इसके साथ ही मीडिया उद्योग और शैक्षणिक संस्थानों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर भी जोर दिया जाएगा।बैठक में यह भी तय किया गया कि दोनों विश्वविद्यालय संयुक्त शोध परियोजनाओं पर कार्य करेंगे। साथ ही विद्यार्थियों और शिक्षकों के आदान-प्रदान की व्यवस्था विकसित की जाएगी, जिससे उन्हें नए शैक्षणिक अनुभव और शोध के बेहतर अवसर मिल सकें।
विश्वविद्यालय प्रशासन का मानना है कि इस पहल से न केवल जनसंचार शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार होगा, बल्कि विद्यार्थियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने में भी मदद मिलेगी। 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' की स्थापना को प्रदेश में मीडिया शिक्षा और शोध के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।










