

भोपाल। राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (RGPV) से एक बार फिर पेपर लीक की खबर सामने आई है। सोमवार, 6 अप्रैल 2026 को डिप्लोमा फार्मेसी की पूरक परीक्षा सुबह 11 बजे आयोजित की जानी थी, लेकिन परीक्षा शुरू होने से पहले ही प्रश्न पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इस घटना ने विश्वविद्यालय की परीक्षा सुरक्षा और गोपनीयता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
परीक्षा से ठीक पहले हुआ पेपर लीक
सूत्रों के अनुसार, पूरक परीक्षा सुबह 11 बजे शुरू होने वाली थी, लेकिन सुबह 10 बजे से ही 'हॉस्पिटल एंड क्लीनिकल फार्मेसी' (पेपर कोड: 8110) के प्रश्न पत्र की तस्वीरें वॉट्सएप और सोशल मीडिया ग्रुप्स पर तेजी से फैलने लगीं। इससे स्पष्ट है कि परीक्षा शुरू होने से पहले ही पेपर छात्रों तक पहुँच चुका था।
901 छात्रों की परीक्षा प्रभावित
पॉलीटेक्निक विंग के सचिव प्रतीक मानके ने बताया कि मामले की जांच जारी है और अगली कार्रवाई मंगलवार को की जाएगी। प्रदेशभर से लगभग 901 छात्र इस परीक्षा में शामिल हुए थे। परीक्षा समाप्ति के बाद लीक हुए प्रश्न पत्र की तुलना मूल प्रश्न पत्र से कराई गई, जिसमें दोनों के प्रश्न 100 प्रतिशत मेल खाते पाए गए। इससे यह सिद्ध होता है कि लीक हुआ पेपर पूरी तरह से ओरिजिनल ही था।
ग्वालियर में भी सामने आया वीडियो
ग्वालियर के आरएनएस कॉलेज के बाहर एक वीडियो भी वायरल हुआ, जिसमें छात्र लीक पेपर और मूल प्रश्न पत्र की तुलना करते नजर आए। छात्र संगठनों ने आरोप लगाया कि परीक्षा केंद्र और प्रिंटिंग प्रेस की मिलीभगत से यह पेपर लीक हुआ।
RGPV में पेपर लीक की बढ़ती घटनाएं
यह RGPV में पेपर लीक का पहला मामला नहीं है। चार दिन पहले भोपाल पॉलिटेक्निक कॉलेज में भी पेपर लीक की घटना सामने आई थी। इसके अलावा, बीटेक परीक्षाओं के दौरान विश्वविद्यालय के टॉयलेट में कई नकल पर्चियां मिली थीं, जो परीक्षा प्रणाली की सुरक्षा पर सवाल खड़े करती हैं।

































