

IND vs NZ: भारतीय टीम के लिए ‘गंभीर युग’ की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही है. पहले टेस्ट सीरीज और अब न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में मिली हार ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं. रविवार को इंदौर में खेले गए फाइनल मुकाबले में न्यूजीलैंड ने भारत को 41 रनों से हराकर 37 साल बाद भारतीय सरजमीं पर वनडे सीरीज जीतने का सूखा खत्म किया.
हार के बाद कप्तान शुभमन गिल ने कहा, “पहले मैच के बाद, 1-1 से बराबरी पर आने के बाद, जिस तरह से हम खेले – थोड़ा निराशा हुई. कई ऐसे एरिया हैं जिनमें सुधार की ज़रूरत है. कुछ एरिया ऐसे हैं जिन पर हमें पीछे मुड़कर देखना होगा, सोचना होगा और बेहतर करना होगा.”
“योजनाओं पर अमल नहीं हुआ”- गिल
सीरीज गंवाने के बाद कप्तान शुभमन गिल ने किसी व्यक्तिगत खिलाड़ी का नाम तो नहीं लिया, लेकिन टीम के सामूहिक प्रदर्शन पर चिंता जताई. गिल के अनुसार सीरीज 1-1 की बराबरी पर होने के बाद निर्णायक मैच में जिस जज्बे की जरूरत थी, वह गायब दिखा.
टीम ने अहम मौकों पर पुरानी गलतियां दोहराईं, विशेषकर टॉप-ऑर्डर का जल्दी आउट होना और कमजोर फील्डिंग भारत को भारी पड़ा. गिल ने साफ कहा कि टीम को अब पीछे मुड़कर देखना होगा और उन क्षेत्रों में सुधार करना होगा जहां वे बार-बार पिछड़ रहे हैं.
न्यूजीलैंड की ‘बी-टीम’ ने दिखाया दम
न्यूजीलैंड की इस जीत ने सभी को हैरान कर दिया क्योंकि उनके पास मिचेल सैंटनर और रचिन रवींद्र जैसे अनुभवी खिलाड़ी नहीं थे. गिल ने स्वीकार किया कि कीवी टीम के बल्लेबाजों ने अपनी शुरुआत को बड़े स्कोर में बदला और वे मैदान पर भारत से कहीं बेहतर साबित हुए.






















