

नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस की लॉरेंस बिश्नोई गैंग के शूटर्स के साथ मुठभेड़ हुई है. इस मुठभेड़ के बाद दो शूटर्स को गिरफ्तार किया गया है. बृहस्पतिवार को दिल्ली पुलिस मुख्यालय में स्पेशल सीपी (लॉ एंड ऑर्डर) जोन-1 रविंद्र यादव ने यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि दोनों आरोपी हाल ही में पश्चिम विहार ईस्ट और मधु विहार में हुई फायरिंग की घटनाओं में शामिल थे.
स्पेशल सीपी रविंद्र यादव ने बताया कि नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट के एंटी-नारकोटिक्स टीम को एक अहम सुराग मिला था, जिसके आधार पर टीम ने बराड़ी इलाके में दोनों बदमाशों को इंटरसेप्ट किया. बदमाशों ने खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी. जवाबी कार्रवाई में एक आरोपी दीपक के पैर में गोली लगी, जबकि दूसरे आरोपी जो नाबालिग है, उसको भी मौके से पकड़ लिया गया. दोनों के पास से फायरिंग में इस्तेमाल किए गए हथियार बरामद कर लिए गए हैं.
स्पेशल सीपी रविंद्र यादव के अनुसार, हाल के दिनों में दिल्ली पुलिस ने गैंगस्टरों के खिलाफ व्यापक व सख्त अभियान चलाया था, जिससे फिरौती कॉल्स और गैंग एक्टिविटी में कमी आई थी. इसके बावजूद इन फायरिंग की घटनाओं ने पुलिस की चिंता बढ़ा दी थी. इस घटना के बाद से सभी जिलों को अलर्ट पर रखा गया. इसी सतर्कता के चलते 24 घंटे के भीतर आरोपियों को ट्रैक कर मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया गया है.
सोशल मीडिया के जरिए युवाओं को अपराध में धकेला जा रहा
स्पेशल सीपी रविंद्र यादव ने बताया कि गैंगस्टर सोशल मीडिया, खासकर इंस्टाग्राम के जरिए युवाओं व नाबालिगों को लालच देकर अपराध की दुनिया में धकेल रहे हैं. इस मामले में नाबालिग आरोपी का रोहिणी इलाके में किसी से झगड़ा हुआ था. बदला लेने के इरादे से उसने सोशल मीडिया पर हथियारों के साथ तस्वीरें डालने वाले एक फर्जी अकाउंट से संपर्क किया. उसे लालच दिया गया कि अगर वह गैंग के लिए काम करेगा तो उसे हथियार और पैसा मिलेगा. इसके बाद अलग-अलग जगह बुलाकर उसे हथियार दिए गए. साथ ही फायरिंग की लोकेशन बताई गई. निर्देश ये भी था कि एक ही जगह नहीं, बल्कि अलग-अलग समय पर कई बार फायरिंग कर इलाके में दहशत फैलाई जाए.
फिरौती की कॉल आए तो पुलिस को तुरंत दें सूचना
स्पेशल सीपी रविंद्र यादव ने बताया कि इस पूरे नेटवर्क में रणदीप मलिक का नाम सामने आ रहा है, जो पहले भी एक चर्चित मर्डर केस में वांटेड है. उसी के जरिए यह संपर्क हुआ. इसके बाद में सोशल मीडिया पर फायरिंग की जिम्मेदारी भी ली गई. मामले में इंटरस्टेट कनेक्शन की भी जांच की जा रही है. हरियाणा, राजस्थान, पंजाब, चंडीगढ़ व उत्तर प्रदेश पुलिस के साथ समन्वय बनाकर कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने जनता से अपील की कि यदि किसी को भी इस तरह की धमकी या फिरौती की कॉल आती है तो तुरंत पुलिस को सूचित करें. इससे दिल्ली पुलिस न सिर्फ सुरक्षा प्रदान करेगी, बल्कि जरूरत पड़ने पर मकोका, बीएनएस की धारा 111 जैसे सख्त कानूनों के तहत कार्रवाई भी करेगी.






















