

Bilaspur Girls Slapping Case : ने शहर में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। यह मामला बिलासपुर के व्यस्त नेहरू चौक स्थित रतन लस्सी दुकान का है, जहां सुबह नाश्ता करने पहुंची दो युवतियों के साथ खुलेआम बदसलूकी और मारपीट की गई।
जानकारी के अनुसार, कुदुदंड इलाके में किराये से रहने वाली सुनंदा गेदले अपनी सहेली श्रेयांशी पाण्डेय के साथ सुबह होटल में नाश्ता करने गई थीं। उसी दौरान पास ही दुकान लगाने वाला अन्ना डोसा संचालक संजय तरण पुष्कर भी होटल के अंदर आ गया और जबरन युवतियों के पास बैठने की कोशिश करने लगा। श्रेयांशी ने शालीनता से उसे थोड़ी दूरी पर बैठने को कहा, लेकिन यह बात आरोपी को नागवार गुज़री।
आरोपी ने अचानक अपना आपा खो दिया और युवतियों के साथ गाली-गलौच शुरू कर दी। जब सुनंदा ने इसका विरोध किया, तो आरोपी ने उसके बाएं गाल पर जोरदार थप्पड़ मार दिया। यह देखकर श्रेयांशी अपनी सहेली को बचाने आगे आई, लेकिन आरोपी ने उसके साथ भी मारपीट करते हुए गाल पर तमाचे जड़ दिए।
घटना के दौरान होटल में मौजूद लोग जब बीच-बचाव के लिए पहुंचे, तो आरोपी मौके से फरार हो गया। घटना से आहत दोनों युवतियां सीधे सिविल लाइन थाना पहुंचीं और पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपी संजय तरण पुष्कर के खिलाफ संबंधित धाराओं में जुर्म दर्ज कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। Bilaspur Girls Slapping Case ने सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं की सुरक्षा और असामाजिक तत्वों पर सख्त कार्रवाई की जरूरत को फिर से उजागर कर दिया है।






















