

जांजगीर-चांपा : CSEB रिश्वत कांड ने जिले में हड़कंप मचा दिया है। छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए CSEB के ग्रामीण कार्यालय में छापा मारा और तीन कर्मचारियों को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई के बाद बिजली विभाग में अफरा-तफरी का माहौल बन गया है। मामला एचटी लाइन विस्तार से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसके लिए उपभोक्ता से पैसे मांगे गए थे।
जानकारी के अनुसार, जेई राजेंद्र शुक्ला, एई विजय नोरगे और एक कंप्यूटर ऑपरेटर को 35 हजार रुपये की रिश्वत लेते पकड़ा गया। आरोप है कि एचटी लाइन विस्तार के काम के एवज में उपभोक्ता से यह रकम मांगी गई थी। पीड़ित उपभोक्ता रिश्वत नहीं देना चाहता था, लेकिन बिना पैसे दिए काम नहीं होने से वह परेशान हो गया। इसके बाद उसने बिलासपुर स्थित एंटी करप्शन ब्यूरो कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई। यहीं से जांजगीर-चांपा CSEB रिश्वत कांड की कार्रवाई शुरू हुई।
शिकायत मिलने के बाद ACB ने मामले की जांच की और आरोपों की पुष्टि होने पर ट्रैप कार्रवाई की योजना बनाई। टीम ने केमिकल युक्त नोट प्रार्थी को देकर बिजली कार्यालय भेजा। जैसे ही CSEB ग्रामीण कार्यालय में रिश्वत की रकम ली गई, बाहर तैनात ACB टीम ने तुरंत दफ्तर में छापा मार दिया। इस दौरान जेई राजेंद्र शुक्ला, एई विजय नोरगे और कंप्यूटर ऑपरेटर को मौके पर ही पकड़ लिया गया।
फिलहाल ACB तीनों आरोपियों से कार्यालय में पूछताछ कर रही है। जांजगीर-चांपा CSEB रिश्वत कांड ने एक बार फिर सरकारी दफ्तरों में भ्रष्टाचार के मुद्दे को सामने ला दिया है। अब इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई पर सबकी नजर बनी हुई है।

































